अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
मातूराम कम्यूनिटी सेंटर में शादी करने के लिए शहरवासियों को अब और जेब ढीली करनी पड़ेगी। नगर निगम ने शादी समारोह और अन्य कार्यक्रमों के लिए दोनों हॉल का किराया तय कर दिया है। एक हॉल के 16 हजार रुपये देने होंने, 18 प्रतिशत जीएसटी अलग से। निगम आयुक्त प्रदीप डागर ने वीरवार को रेट फाइल को हरी झंडी दे दी।
गांधी कैंप स्थित मातूराम कम्यूनिटी सेंटर का संचालन अभी तक गांधी नगर वेलफेयर एसोसिएशन कर रही थी। इसके संरक्षक कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य शादीलाल बतरा हैं। संचालन को लेकर कमेटी और नगर निगम के बीच हाईकोर्ट में केस चल रहा है, जिसकी सुनवाई 12 जुलाई को होनी है। हालांकि 8 जून को नगर निगम ने कम्यूनिटी सेंटर का संचालन अपने हाथ में ले लिया। साथ ही रिकार्ड सील कर दिया। अब नगर निगम ही समारोह के लिए कम्यूनिटी सेंटर बुक करेगा।
बिजली और सफाई के साथ देना होगा जीएसटी
मातूराम कम्यूनिटी सेंटर में दो हाल हैं। एक भूतल पर है, जबकि दूसरा प्रथम तल पर। साथ ही खुला मैदान भी है। निगम की ओर से दोनों हॉल किराया बराबर रखा गया है। जबकि गांधी नगर वेलफेयर कमेटी अलग-अलग किराया वसूल करती थी। निगम के मुताबिक एक हॉल के लिए 11 हजार रुपये किराए, तीन हजार बिजली और दो हजार रुपये सफाई के देने होंगे। साथ ही 18 फीसदी जीएसटी के देने हाेेंगे। शादी समारोह से लेकर दूसरे कार्यक्रमों में भी किराया बराबर रहेगा। केवल रस्म क्रिया के लिए किराया 100 रुपये और 1500 रुपये बिजली और सफाई का खर्च लिया जाएगा। इससे पहले गांधी नगर वेलफेयर एसोसिएशन भी नीचे वाले हॉल के 19 हजार और ऊपर वाले हॉल के 13 हजार रुपये की रसीद काटती थी।
पुरानी बुकिंग की रसीद लेकर आज ही आएं
निगम आयुक्त ने फाइल पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। शुक्रवार से ही निगम अपने कार्यालय स्थित एलओ ब्रांच में बुकिंग शुरू कर देगा। रेट तय हो गए हैं। जिन लोगों ने पहले बुकिंग करवा रखी है और अभी तक अपनी रसीद निगम के पास जमा नहीं करवाई है वे जल्द जमा करवा देंगे, नहीं तो निगम उस तिथि पर नई बुकिंग ले लेगा। इसके बाद कोई राहत नहीं मिलेगी।
- आनंद मित्तल, एलओ नगर निगम।
सभी कम्यूनिटी सेंटर के रेट बराबर रखे जाएं
निगम ने जब सभी कम्यूनिटी सेंटरों को अपने संचालन में ले लिया है तो रेट अलग-अलग नहीं होने चाहिए। माडल टाउन कम्यूनिटी सेंटर और मातूराम कम्यूनिटी सेंटर का रेट अलग-अलग हैं। पूरे शहर के कम्यूनिटी सेंटरों का बराबर रेट होना चाहिए।
- अशोक खुराना, पार्षद वार्ड नंबर-10