सीएम ने एलिवेटेड रेलवे ट्रैक का निर्माण कराया शुरू
शहरवासियों को मिलेगा पांच फाटकों से छुटकारा, 12 गांवों की बचेगी 164 एकड़ जमीन
- ट्रैके के साथ छह किमी बनेगी सड़क, चिन्योट कॉलोनी में आयोजित किया गया कार्यक्रम
-रेलवे के एडीआरएम, चीफ इंजीनियर भी रहे मौके पर मौजूद
फोटो : 100-114, 116 ढी़गरा की प्रतिमा पर पुष्पांजलि, बालकपुरी पार्क...
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
देश के पहले डबल रेल लाइन वाले एलिवेटेड रेलवे ट्रैक पर शनिवार को भूमि पूजन के साथ मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने निर्माण कार्य की शुरुआत करा दी। 315 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट को 12 महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। सीएम ने कहा कि एलिवेटेड वाले प्रोजेक्ट से 12 गांवों की जमीन को अधिग्रहित होने से सरकार ने बचाया है। सीएम ने एलिवेटेड ट्रैक के सहारे छह किमी सड़क बनाने की भी घोषणा की। इसके अलावा शहीद मदनलाल धींगड़ा कम्युनिटी सेंटर का भी उद्घाटन किया गया।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सीएम मनोहर लाल चिन्योट कॉलोनी में रेलवे ट्रैक के पास एलिवेटेड रेलवे ट्रैक के निर्माण का शुभारंभ करने के लिए पहुंचे। कॉलोनी में पहुंचने पर पार्टी के कार्यकर्ताओं और अन्य ने जोरदार स्वागत किया। पूजा-अर्चना के बाद निर्माण कार्य का शुभारंभ कराया गया। इस अवसर पर सीएम ने कहा कि सरकार रोहतक के विकास को कटिबद्ध है। एलिवेटेड का निर्माण शुरू कराकर सरकार ने कई गांव के लोगों की भूमि को अधिग्रहित होने से बचाया है। लोगों की भूमि अधिग्रहित किए बिना विकास कार्यों का निर्माण कराना ही सरकार की प्राथमिकता है।
सीएम ने कहा कि सरकार ने रोहतक-हांसी मार्ग पर रेलवे लाइन बिछवाने का कार्य शुरू करा दिया है। एलिवेटेड रेलवे ट्रैक के सहारे छह किमी तक सड़क बनवाई जाएगी। इसके लिए 18 करोड़ से अधिक रुपये दिए जाएंगे। लोगों को जाम से भी मुक्ति दिलाई जाएगी।
शहीद मदनलाल धींगड़ा कम्युनिटी सेंटर का भी उद्घाटन
इसके बाद सीएम ने शहीद मदनलाल धींगड़ा कम्यूनिटी सेंटर का भी शुभारंभ किया। इस अवसर पर सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर ने कहा कि सरकार ने जगह-जगह सड़के बनाने का कार्य किया है। यही कारण है कि अब मात्र तीन घंटे में चंडीगढ़ की दूरी तय हो जाएगी। सफाई कर्मचारी आयोग के चेयरमैन राम अवतार वाल्मीकि ने कहा कि पूर्व की सरकारों ने लोगों को लूटने, जबकि भाजपा ने लोगों के हित में कार्य किए हैं। इस मौके पर रेलवे के एडीआरएम राजीव धनखड़, डिप्टी चीफ इंजीनियर मोना श्रीवास्तव, चीफ इंजीनियर वीबी हुड्डा, रिंकू कपूर, राजू सहगल, पवन भाटिया, सुभाष शर्मा, अशोक कुमार आदि उपस्थित रहे।
12 गांवों के लोगों की भूमि अधिग्रहित होने से बची
क्षेत्र के टिटौली, चमारिया, समर गोपालपुर खुर्द, समर गोपालपुर कलां, सिसरौली, मकड़ौली, सराय अहमद, सुंदरपुर, मकड्रौली खुर्द, मकड्रौली कलां आदि समेत करीब 12 गांवों के लोगों की जमीन अधिग्रहण होने से बची सीएम से मिलने के लिए पहुंचे और धन्यवाद दिया। इस मौके पर लोगों ने बताया कि कांग्रेस सरकार ने रेलवे लाइन के निर्माण के लिए गांव से हजारों किसानों की जमीन का अधिग्रहण कर लिया था। भाजपा सरकार ने अब एलिवेटेड ट्रैक का निर्माण शुरू कराकर उनकी भूमि को अधिग्रहित होने से बचाया है।
वर्ष 2013 में अधिग्रहित हुई थी जमीन
टिटौली गांव के कर्मवीर सिंह ने बताया कि टिटौली समेत 12 गांवों की 164 एकड़ जमीन को रेलवे लाइन बिछवाने के लिए पिछली सरकार ने वर्ष 2013 में अधिग्रहित कर लिया था। इसके विरोध में गुस्साए लोगों ने जमकर हंगामा भी किया था। अब भाजपा सरकार ने अधिग्रहित जमीन को वापस कराने का काम किया है। रेलवे लाइन बिछाने की बजाय एलिवेटेड रेलवे ट्रैक का निर्माण कराया जा रहा है। हालांकि इन गांवों को एलिवेटेड रेलवे ट्रैक से कोई फायदा नहीं होगा। किसानों का कहना है कि रेलवे लाइन नहीं बिछाए जाने से उनकी जमीन के टुकड़े होने से बचेंगे।
फायदा : शहरवासियों को पांच रेलवे फाटकों से मिलेगा छुटकारा
रोहतक-पानीपत ट्रैक पर शहरवासियों को पांच रेलवे फाटकों से छुटकारा मिलेगा। इनमें श्रीनगर कॉलोनी फाटक, बजरंग भवन फाटक, सोनीपत रोड फाटक, न्यू बस स्टैंड शीला बाईपास फाटक और सेक्टर-चार एक्सटेंशन फाटक शामिल हैं। वहीं इन पांच क्रॉसिंग पर हर रोज बर्बाद होने वाले लोगों के 60 से अधिक मिनट की भी बचत होगी। पांच किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रेलवे ट्रैक को बनाने के बाद पुराने ट्रैक को हटाकर उसकी जगह 10 मीटर चौड़ी नई सड़क स्टेशन तक बनाई जाएगी। इसमें सेक्टर छह तक के निवासियों समेत 20 कॉलोनियों की लगभग 90 हजार की आबादी को स्टेशन आने-जाने में सहूलियत होगी। स्टील गार्डर समेत ट्रैक के पिलरों की अधिकतम ऊंचाई 6.88 मीटर होगी।
फैक्ट फाइल
एलिवेटेड की अनुमानित लागत 315 करोड़ रुपये।
- रेलवे ट्रैक की लंबाई 4.8 किलोमीटर।
-25 फीसदी केंद्र, जबकि 75 फीसदी राज्य सरकार की भागीदारी।
- एलिवेटेड को 12 महीने में निर्माण करने का लक्ष्य।
एक साथ बनेंगे दो पिलर
डबल फाटक के पास रिंग फोर्स्ड अर्थ वॉल के निर्माण के साथ वर्तमान रेलवे ट्रैक के दाहिनी साइड से एलिवेटेड रेलवे ट्रैक की शुरुआत की गई है। सेक्टर छह के रेलवे ओवरब्रिज से लगभग 600 मीटर पहले से इसके उतरने का क्रम बनेगा। हर 60 फीट के अंतराल पर एक साथ दो पिलर बनाए जाएंगे। इन पर स्टील के गार्डर का स्ट्रक्चर बनाकर उसके ऊपर डबल रेलवे लाइन बिछाई जाएगी।
सीएम के सामने समस्याओं का लग गया अंबार
सीएम को कई लोगों ने विभिन्न मांगों को लेकर शिकायती पत्र भी सौंपा। रिठाल गांव के सरपंच ऋषि कुमार ने ज्ञापन सौंपा कि गांव में लड़कियों के लिए कक्षा 12वीं तक कोई स्कूल नहीं है। बिजली भी नाममात्र ही दी जाती है। गलियों का निर्माण भी नहीं कराया जा रहा है। सीएम ने समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। इसके अलावा रोहतक की जनता कॉलोनी के लोगों ने सीवरेज सफाई की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा।