तीन माह में काटे 1593 ओवरलोड वाहनों के चालान, 5.67 करोड़ जुर्माना राशि वसूली
चरखी दादरी।
ओवरलोडिंग वाहनों पर शिकंजा कसने के लिए जिले में व्यापक पैमाने पर अभियान चलाने से यातायात व्यवस्था में काफी सुधार आया है। दूसरे जिलों के मुकाबले दादरी में सबसे ज्यादा जुर्माना राशि वसूल की जा रही है। ये जानकारी उपायुक्त विजय कुमार सिदप्पा ने दी। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने ओवरलोड वाहनों की समस्या के समाधान के लिए चालान की शक्तियों का विस्तार करते हुए चार माह पहले पंचायत, जिला प्रशासन, पुलिस, वन, सिंचाई, लोक निर्माण, खाद्य एवं पूर्ति आदि विभागों के अधिकारियों को भी जिम्मेदारी सौंप दी थी। जिसके परिणामस्वरूप नई रणनीति तैयार की गई और दादरी जिला के विभिन्न मुख्य मार्गों पर नाके लगाकर वाहनों की जांच का काम शुरू किया गया।
उपायुक्त ने बताया कि इस समय दादरी जिला में हरियाणा भर में सबसे अधिक ओवरलोड की जुर्माना राशि वसूल की गई है। उन्होंने बताया कि फरवरी माह में अब तक 539 वाहनों के चालान किए जा चुके हैं और ट्रक व डंपर मालिकों से एक करोड़ 77 लाख की राशि वसूल की गई है। इसी प्रकार गत जनवरी मास में 672 गाड़ियों के चालान काटे गए व दो करोड़ 19 लाख रुपए बतौर जुर्माना वसूल किए गए। नवंबर 2017 में ये शक्तियां दिए जाने के पश्चात दिसंबर माह में 382 वाहनों के चालान हुए व एक करोड़ 71 लाख रुपये की उगाही की गई। क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण की ओर से दादरी रोहतक रोड बाई पास चौक, दिल्ली रोड, महेंद्रगढ़ रोड, दादरी-भिवानी रोड, लोहारू रोड आदि प्रमुख मार्गों पर नाके लगाए गए हैं। क्रशर जोन से निकलने वाले डंपरों की व्यापक स्तर पर जांच शुरू होने से ट्रक 2 चालकों को भी यह एहसास हो गया है कि वे निर्धारित वजन से अधिक माल ढोते हैं तो चालान की कार्रवाई हो सकती है या फिर उनकी गाड़ी को जब्त किया जा सकता है। परिवहन प्राधिकरण सचिव व अतिरिक्त उपायुक्त अजय सिंह तोमर ने बताया कि आरटीए कार्यालय में केवल पांच ही कर्मचारियों का स्टाफ है। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि उपायुक्त के निर्देशानुसार दादरी में इस वक्त 22 अधिकारी चालान काटने में प्राधिकरण का सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने डंपर चालकों से आह्वान किया है कि वे यातायात सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए निश्चित वजन ही लेकर चलें।