रोहतक। मांगों को लेकर पिछले 20 दिनों से धरना-प्रदर्शन कर रहे पंडित लख्मीचंद राज्य प्रदर्शन एवं दृश्य कला विश्वविद्यालय (सुपवा) के एफटीवी के विद्यार्थी शुक्रवार को तीसरे दिन भी प्रवेश द्वार पर डटे रहे। इस दौरान बारिश में भी विद्यार्थी टेंट ओढ़कर धरने पर बैठे रहे। शाम 7 बजे तक विद्यार्थियों का धरना जारी था। वहीं, कुछ एलुमिनाई विद्यार्थियों से मिलने पहुंचे। एलुमिनाई ने कहा कि वे इस मामले में फैकल्टी से बातचीत करेंगे ताकि कोई समाधान निकाला जा सके। बाद में एलुमिनाई को गार्ड्स ने ऊपर से मिले आदेशों का हवाला देते हुए लौटा दिया।
डिजाइन विभाग के विद्यार्थियों का मिला समर्थन
वी हेव नो राइट टू स्पीक। सत्य परेशान हो सकता है पराजित नहीं। कुलपति साहब संसाधन कहां है? वी वांट जस्टिस सरीखे स्लोगन लिखे पोस्टर अपने शरीर पर चस्पा कर विद्यार्थियों ने शुक्रवार को विरोध जताया। एफटीवी के विद्यार्थियों ने अपने मुंह व हाथों पर काली पट्टी बांध कर कैंपस का चक्कर लगाया। उधर, डिजाइन के 25 विद्यार्थियों ने पैदल मार्च के साथ जुड़कर धरने को समर्थन दिया। विद्यार्थी पूरा दिन विभाग फैकल्टी के साथ मीटिंग होने का इंतजार करते रहे, लेकिन विभाग फैकल्टी ने मीटिंग का हवाला देकर विद्यार्थियों से किनारा किया। विभागाध्यक्ष ने शनिवार सुबह 10 बजे विद्यार्थियों को मिलने का आश्वासन दिया है। विद्यार्थी आश्वस्त हैं कि विभाग फैकल्टी उनका समर्थन करेगी। फैकल्टी के समर्थन न करने पर विद्यार्थी भूख हड़ताल शुरू कर देेंगे। अभी तक अनुशासन कमेटी ने भी निष्कासित 14 विद्यार्थियों को ब्यान के लिए नहीं बुलाया है।
फै कल्टी से मीटिंग के बाद लेंगे आगामी फैसला
विद्यार्थियों का कहना है कि वह विवि प्रशासन ने बातचीत करने की कोशिश कर रहे हैं, पर कोई सुनवाई नहीं हो रही। वे चाहते है कि पहले फैकल्टी से मिलकर उनका रुख जान लिया जाए, इसके बाद ही कोई अगला कदम उठाया जाए। उनकी मांगाें पर एक बार वीसी प्रो. राजबीर सिंह के साथ बातचीत हो सके। फैकल्टी से मीटिंग होने के बाद ही विद्यार्थी शनिवार को रणनीति बनाकर आगामी फैसला लेंगे।
28 मई को होगी सुनवाई
विवि प्रशासन की कोर्ट में की गई शिकायत पर 14 निष्कासित विद्यार्थियों की 28 मई को कोर्ट में सुनवाई होगी। धरने पर बैठे विद्यार्थी विभाग फैकल्टी से मिलकर 14 निष्कासित विद्यार्थियों के संबंध में बातचीत करेंगे। हालांकि विद्यार्थियों ने इस मामले में हाईकोर्ट में भी याचिका दायर कर दी है।