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सिंचाई विभाग के इंडेंट पर नहरों में छोड़ा 950 क्यूसेक पानी

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सिंचाई विभाग के इंडेंट पर नहरों में छोड़ा गया 950 क्यूसेक पानी
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चरखी दादरी।
अब होली पर्व पर शहरवासियों को पर्याप्त मात्रा में पेयजल मिल सकेगा। सिंचाई विभाग के इंडेंट अनुसार करीब 950 क्यूसेक पानी मंगलवार रात को जिले के लिए छोड़ा गया है और बुधवार रात यह पानी नहरों में पहुंच चुका है। इस समय जलघरों में मात्र दो दिन का पानी ही बचा है। इस समय ट्यूबवेल का पानी मिलाकर पेयजल सप्लाई की जा रही है। होली पर्व पर करीब तीन लाख लीटर पानी की अतिरिक्त खपत बढ़ने का अनुमान हैं।
शहर के जलघरों में पानी नहीं बचा है। मात्र दो दिन की आपूर्ति के लिए ही टैंकों में पानी है जिससे जनस्वास्थ्य विभाग अधिकारियों की चिंता बढ़ने लगी। जिले की नहरों में 28 फरवरी की रात को पानी पहुंचा है। इसलिए विभाग की ओर से ट्यूबवेलों का पानी मिलाकर सप्लाई करना पड़ रहा है ताकि पेयजल की किल्लत न होने पाए। शहर के दोनो जलघरों की पेयजल क्षमता मात्र 20 दिन ही है। इस बार नहरों में भी करीब 25 दिन बाद नहरी पानी पहुंचेगा। ऐसे में शहर में एक दिन छोड़कर पानी की सप्लाई करनी पड़ रही है ताकि पानी का संकट न गहराने पाए लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी मिल सके। शहर के चंपापुरी जलघर से करीब 60 प्रतिशत एरिया में पानी की आपूर्ति की जाती है। यह शहर का पुराना जलघर है। इसी प्रकार रामनगर जलघर से 40 प्रतिशत एरिया में पानी की सप्लाई की जाती है। शहर में रोजाना करीब 12 लाख लीटर पानी की खपत होती है।
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होली पर पर्याप्त सप्लाई देने का दावा
शहरवासियों को अब होली पर पर्याप्त मात्रा में पानी मिलेगा। सिंचाई विभाग अधिकारियों की ओर से 950 क्यूसेक पानी का इंडेंट भेज दिया गया है। मंगलवार रात को खूबडू़ हैड से पानी छोड़ा गया जोकि बुधवार रात तक चरखी दादरी की नहरों में पहुंचा है। सबसे पहले मेन लोहारू नहर में पानी पहुंचेगा उसके बाद बधवाना नहर, कितलाना डिस्टीब्यूटरी व अन्य माइनरों में पानी छोड़ा जाएगा ताकि गांवों में बने जलघरों में पानी पहुंच सके।
होली तीन लाख अतिरिक्त पानी की खपत का अनुमान
होली पर्व पर शहर में तीन लाख लीटर पानी की अतिरिक्त खपत बढ़ने का अनुमान है। शहर की आबादी करीब 80 हजार है। नगर परिषद की ओर से अधिकृत मकानों की संख्या भी करीब 25 हजार है। शहर में वार्डो की संख्या भी बढ़कर अब 19 से 21 हो चुकी है।जिला स्तर के कार्यालय भी शहर में खुलते जा रहे हैं ऐसे में पानी की खपत लगातार बढ़ती जा रही है लेकिन पानी की क्षमता बढ़ाए जाने पर विभाग व प्रशासन की ओर से कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस समय शहर में एक और जलघर बनाए जाने की सख्त जरूरत बनी हुई है ताकि शहर की पेयजल स्टोरेज क्षमता बढ़ सके।
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: वर्जन-
शहर में फिलहाल तीन-चार दिन का पानी बचा है। बुधवार रात नहरों में पानी पहुंच गया है। नहरी पानी से जलघर भर दिए जाएंगे जिससे होली पर्व पर पेयजल का संकट नहीं रहेगा।
एसडीओ मंदीप सिंह, जनस्वास्थ्य विभाग
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