संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। शहर के एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान गुरुग्राम के कन्हई गांव निवासी जितेंद्र की मंगलवार की शाम मौत हो गई। इससे नाराज मरीज के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। साथ ही अस्पताल प्रबंधन के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई करने की मांग की। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
जितेंद्र के चाचा रमेश ने बताया कि जितेंद्र की पित्त की थैली में पथरी थी। इसकी वजह से उसके पेट में दर्द हो रहा था। 13 मई की शाम को जितेंद्र को रेवाड़ी शहर के एक निजी निर्मल अस्पताल में भर्ती कराया गया। परिवार के 2 लोग पहले इस अस्पताल में ऑपरेशन करवा चुके थे। इसके चलते जितेंद्र को भी गुरुग्राम से लाकर यहां भर्ती कराया गया था।
अस्पताल के डॉक्टरों ने कुछ जांच कराई। इसमें पता चला कि जितेंद्र की नस ब्लॉक है। डाॅक्टरों ने कहा कि पहले उसका ऑपरेशन करना होगा। ब्लॉक नस का आपरेशन दूसरे अस्पताल में होगा। इसके बाद परिजनों ने चिकित्सकों की सलाह पर अनुमति दे दी।
रमेश ने बताया कि दूसरे अस्पताल में पहुंचने पर वहां के चिकित्सकों ने पहले जितेंद्र की रिपोर्ट देखी। फिर कुछ और जांच कराई। इसके बाद जितेंद्र का तीन घंटे तक ऑपरेशन चला। इसके बाद जितेंद्र को वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया। बताया गया कि कुछ देर में जितेंद्र को होश आ जाएगा।
काफी देर तक जितेंद्र को होश नहीं आया। परिजनों ने सवाल किया तो चिकित्सकों ने उसे पुराने अस्पताल के लिए ही रेफर कर दिया। परिजन उसे लेकर पहले वाले अस्पताल में पहुंचे और चिकित्सकों को जानकारी दी। यहां चिकित्सकों ने जितेंद्र को भर्ती कर लिया।
यहां भी जितेंद्र को होश नहीं आया और उसका शरीर ठंडा पड़ने लगा। इसकी जानकारी देने के बाद चिकित्सक आए और जांच कर चले गए। इसके बाद जब जितेंद्र को होश नहीं आया तो फिर चिकित्सक को बुलाया। इस बार डॉक्टर ने जितेंद्र को मृत घोषित कर दिया।
मामले में पक्ष लेने के लिए निर्मल अस्पताल के संचालक को फोन किया गया लेकिन उनका फोन नहीं उठा।
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21 अप्रैल को हुई थी जितेंद्र की शादी
गुरुग्राम के कन्हई गांव निवासी जितेंद्र एक कैब कंपनी में वेंडर के तौर पर कार्य करता था। उसका काम गाड़ियों और चालकों को कंपनी से अटैच करवाना था। उसकी शादी 21 अप्रैल 2025 को उत्तर प्रदेश के कोसी कला में भठैन गांव की युवती से हुई थी। जितेंद्र अपनी शादी में दोस्तों और परिवार के बच्चों के साथ डीजे पर जमकर थिरका था। उसकी शादी बड़ी धूमधाम से की गई थी।
लिखित आश्वासन के बाद माने परिजन
जितेंद्र के चाचा रमेश ने बताया कि पुलिस ने लिखित आश्वासन दिया है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद तुरंत कार्रवाई की जाएगी। 7 दिन में पूरे मामले में कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद उन्होंने शव ले लिया है।
वर्जन
हंगामे की सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई थी। जितेंद्र के परिवार वाले पुलिस की बात से संतुष्ट हो गए हैं। मामले में जांच की जा रही है।-रतनलाल, एसएचओ, थाना शहर।
वर्जन-
निजी अस्पताल पर लापरवाही का आरोप लगाने के मामले की शिकायत नहीं मिली है। शिकायत आएगी तो मामले की जांच की जाएगी।-नरेंद्र दहिया, सीएमओ।