संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। हरियाणा सरकार ने महिला सशक्तीकरण की दिशा में विधवा अनुदान योजना शुरू की है। इसके तहत महिलाओं को 3 लाख रुपये तक का ऋण बैंकों से उपलब्ध कराया जाता है।
डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि योजना का लाभ महिलाओं को केवल तभी प्रदान किया जाएगा, जब उनकी पारिवारिक आय 3 लाख या फिर इससे कम हो। महिला की आयु 18 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए। आवेदक पूर्व के किसी ऋण मामले में डिफाल्टर नहीं हो। महिला का हरियाणा का निवासी होना अनिवार्य है। यह योजना महिलाओं को सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में बेहद कारगर सिद्ध होगी तथा उनके जीवन स्तर में भी सुधार आएगा। डीसी ने बताया की बैंक ऋण के ऊपर लगे ब्याज की प्रतिपूर्ति हरियाणा महिला विकास निगम के द्वारा की जाएगी, जिसकी अधिकतम सीमा 50 हजार रुपये या 3 वर्ष जो भी पहले होगी। इस ऋण के माध्यम से प्रदेश की महिलाएं स्वरोजगार स्थापित करके दूसरे नागरिकों को भी रोजगार प्रदान कर सकेगी।
योजना का लाभ लेने के लिए निर्धारित दस्तावेज आवेदन के साथ ज़मा करवाने होंगे। इन दस्तावेजो में आवेदक पत्र, राशन कार्ड, परिवार पहचान पत्र, आधार कार्ड, पति का मत्यु प्रमाण पत्र ,पासपोर्ट आकार फोटो, रिहायशी प्रमाण पत्र, प्रोजेक्ट रिपोर्ट, ट्रेनिंग प्रमाण पत्र, अनुभव प्रमाण पत्र आदि शामिल है।