रेवाड़ी। युवक को दुष्कर्म के झूठे केस में फंसाकर तीन लाख रुपये वसूल करते एक महिला और उसके साथी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ मॉडल टाउन थाने में केस दर्ज किया गया है।
मॉडल टाउन थाना प्रभारी कृष्ण कुमार ने बताया कि महेंद्रगढ़ के तोताहेड़ी निवासी संदीप की पत्नी राकेश देवी ने शिकायत दर्ज कराई थी। कहा था कि राजस्थान के झुंझुनू जिले के गांव मेहाड़ा जाटूवास निवासी शर्मिला उसके जेठ राजबीर की साली है। फिलहाल वह रेवाड़ी शहर के बावल रोड स्थित चांदपुर की ढाणी में किराये पर रहती है। उसकी जेठानी भतेरी ने संदीप को कुछ सामान देने के लिए शर्मिला के घर भेजा था। वहां शर्मिला ने संदीप से पूछा कि वह क्या काम करता है? संदीप ने जब बताया कि वह एक कंपनी में बड़े पद पर है तो उसने पैसे ऐंठने के लिए मॉडल टाउन थाने में 10 फरवरी को उसके खिलाफ दुष्कर्म का झूठा केस दर्ज करा दिया। संदीप के भाई राजबीर ने समझौता कराने का प्रयास किया तो शर्मिला ने पांच लाख रुपये की मांग की। इसके बाद पैसे देकर समझौता करा दिया गया।
इस बीच 24 फरवरी को राजबीर का निधन हो गया। राजबीर के निधन के बाद 11 मई को शर्मिला ने फिर से संदीप के खिलाफ मॉडल टाउन थाने में दुष्कर्म की शिकायत दर्ज करा दी। साथ ही फोन कर ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। इसके बाद लांबी निवासी बिजेंद्र ने उसे फोन पर बताया कि शिकायत वापस लेने के लिए शर्मिला 10.20 लाख रुपये की मांग कर रही है। संदीप ने बातचीत रिकॉर्ड करने के बाद पुलिस को सौंप दी थी।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट मंदीप सिंह की मौजूदगी में हुई कार्रवाई
शिकायत के बाद पुलिस ने महिला और उसके सहयोगी को पकड़ने के लिए जाल बिछाया। जिला उद्यान अधिकारी मंदीप सिंह को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया। पीड़ित संदीप की पत्नी राकेश देवी ने आरोपियों से बातचीत शुरू की और शुरुआत में तीन लाख रुपये देने की बात कहते हुए दोनों को रणबीर सिंह हुड्डा चौक के निकट खाली मैदान में बुला लिया। पुलिस ने पांच सौ रुपये के नोटों की छह गड्डियों पर हस्ताक्षर करने के बाद संदीप और उसकी पत्नी राकेश को यह राशि देने के लिए भेज दिया। आरोपी शर्मिला, बिजेंद्र सिंह ने जैसे ही रकम पकड़ी, पुलिस ने दोनों को रंगे हाथ दबोच लिया।