रेवाड़ी। निरीक्षक रामपाल के नेतृत्व में शनिवार को जिला पुलिस की नशा मुक्ति टीम ने गांव सिहास, नैनसुखपूरा और ढाणी सुंदरोज में ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी।
टीम ने कहा कि नशा व्यक्ति के शरीर, परिवार और समाज का सबसे बड़ा शत्रु है। यह स्वास्थ्य को बर्बाद करता है और युवाओं का भविष्य अंधकारमय कर देता है।विद्यार्थियों से अपील की गई कि वे पढ़ाई, खेल और अपने लक्ष्यों पर ध्यान दें और नशे जैसी बुरी आदतों से दूर रहें।
ग्रामीणों को जीवन अपनाओ, नशे को ना कहो अभियान से जुड़ने के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही साइबर अपराध के खतरों और व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा, जैसे ओटीपी और पासवर्ड साझा न करने की चेतावनी दी गई। यातायात नियमों, हेलमेट और सीट बेल्ट के उपयोग की जानकारी भी दी गई। टीम ने कहा कि किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या नशा करने व बेचने वाले की सूचना तुरंत 112 या मानस हेल्पलाइन 1933 पर दें। सूचना देने वालों का नाम गुप्त रखा जाएगा।