ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभाव बारे जागरूक करती नशा मुक्त टीम। स्रोत : पुलिस
रेवाड़ी। नशा मुक्त टीम ने गांव भाड़ावास, नंगली गोधा व हरिनगर में ग्रामीणों के साथ बैठक कर गांवों को नशा मुक्त करने और ग्रामीणों को नशे से दूर रखने को लेकर विचार-विमर्श किया।
नशा मुक्ति टीम से निरीक्षक रामपाल ने बताया कि पुलिस और आमजन अगर आपस में तालमेल के साथ कार्य करें तो नशे जैसी बुराई पर नियंत्रण पाया जा सकता है। नशा एक ऐसी बुराई है, जिससे व्यक्ति का अनमोल जीवन समय से पहले ही मौत का शिकार हो जाता है। नशा करने वाला व्यक्ति अपने साथ साथ पूरे परिवार का जीवन खराब कर देता है।
उन्होंने कहा कि सबसे पहले युवा पीढ़ी को नशे से बचाना होगा। उन्होंने कहा कि पुलिस के इस अभियान से प्रेरित होकर जहां युवा शिक्षा और खेल गतिविधियों की ओर अग्रसर हो रहे हैं वहीं पर कई नशाग्रस्त युवकों ने नशा छोड़ने की पहल भी की है, जिनका स्थानीय प्रशासन की मदद से इलाज करवाकर उन्हें फिर से समाज की मुख्यधारा में शामिल किया गया है।
उन्होंने कहा कि नशा एक अभिशाप है इसका मिलकर बहिष्कार करें। अगर आपके पास किसी प्रकार की नशे संबंधी सूचना है कोई व्यक्ति नशे का प्रयोग करता है या नशे की सप्लाई इत्यादि करता है तो इस बारे पुलिस को हेल्पलाइन नंबर 1933 या 112 नंबर पर सूचित करें।