बैठक के दौरान जानकारी देते ग्रामीण। स्रोत : समिति
धारूहेड़ा। मसानी बैराज और साहबी नदी में दूषित पानी छोड़ने के विरोध में ग्रामीण 3 अगस्त को ट्रैक्टर यात्रा निकालेंगे। इसके बाद उपायुक्त को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपेंगे।
मसानी बैराज एवं साहबी नदी पर्यावरण समिति के संयोजक कमल सिंह यादव ने बताया कि रेवाड़ी का बिना शोधन किया पानी साहबी नदी के माध्यम से मसानी बैराज में छोड़ा जा रहा है। इससे 500 एकड़ क्षेत्र में प्रदूषित पानी भरा है।
इसके कारण आसपास का भूजल प्रभावित हो रहा है और बैराज से सटे गांवों में दुर्गंध के साथ बीमारियां फैलने की आशंका बढ़ गई है। भटसाना, खलियावास, मसानी, तीतरपुर, रसगण, डूगरवास, निखरी, निगानियावास, रालियावास, पंचगांव, जडथल सहित कई गांव इस समस्या से प्रभावित हैं।
आशियाकी पांचौर, सांपली, लाधूवास, संगवाड़ी, भूडला और माजरा गुरदास के ग्रामीण भी आंदोलन में शामिल होंगे। इससे पहले 5 अप्रैल से हस्ताक्षर अभियान और 31 मई को जनजागरण पदयात्रा निकाली गई थी। 3 अगस्त को सुबह 9 बजे तीतरपुर मंदिर से ट्रैक्टर यात्रा शुरू होगी।