रेवाड़ी। जिले में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (टीपीडीएस) और सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन प्रोग्राम (एसएनपी) के तहत कन्फेड ने वर्ष 2026-27 के लिए टेंडर जारी कर दिए हैं। रेवाड़ी, बावल और कोसली क्षेत्रों के लिए अलग-अलग आवेदन मांगे हैं।
रेवाड़ी के लिए टेंडर की अनुमानित लागत करीब 25 करोड़, बावल के लिए 6.20 करोड़ और कोसली के लिए 5.20 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। इन टेंडरों के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि एक अप्रैल है। इसके बाद एक अप्रैल को ही टेंडर खोले जाएंगे। टेंडरों की कुल अनुमानित राशि 36 करोड़ आंकी गई है।
शर्तों के अनुसार चयनित ठेकेदार को भारतीय खाद्य निगम के गोदामों, फ्लोर मिलों, कन्फेड गोदामों तथा अन्य राज्य एजेंसियों से गेहूं, आटा और चावल जैसे खाद्यान्नों का उठान करना होगा इसके बाद लोडिंग, अनलोडिंग, हैंडलिंग और सुरक्षित परिवहन सहित सभी उचित मूल्य की दुकानों तक समय पर पहुंचाना अनिवार्य होगा। टेंडर की अवधि एक वर्ष के लिए होगी।
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स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों तक करनी होगी आपूर्ति
ठेकेदार को सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन प्रोग्राम के तहत स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों तक खाद्यान्न की आपूर्ति करनी होगी। इस योजना के तहत बच्चों, गर्भवती महिलाओं को पोषण युक्त आहार उपलब्ध कराया जाता है। प्रशासन का उद्देश्य समय पर आपूर्ति देना है जिससे क्रियान्वयन में सुधार के साथ-साथ लाभार्थियों को सीधा फायदा मिल सके।
एलपीजी सिलिंडरों की होम डिलीवरी भी होगी
टेंडर में एक महत्वपूर्ण प्रावधान यह भी शामिल किया गया है कि ठेकेदार को कन्फेड के पंजीकृत उपभोक्ताओं को शहर और आसपास के क्षेत्रों में एलपीजी सिलिंडरों की होम डिलीवरी सुनिश्चित करनी होगी। यह डिलीवरी संबंधित तेल कंपनियों, स्थानीय प्रशासन और राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुसार की जाएगी।
इससे उपभोक्ताओं को गैस एजेंसी पर जाकर सिलिंडर के लेने के लिए नहीं जाना होगा। उन्हें घर बैठे यह सुविधा प्राप्त होगी। स्थानीय स्तर पर इन टेंडरों से रोजगार के अवसर भी बढ़ने की उम्मीद है। परिवहन, लोडिंग-अनलोडिंग और वितरण कार्यों में बड़ी संख्या में ड्राइवर, मजदूर और अन्य कर्मियों की जरूरत होगी।
क्या हैं दोनों योजनाएं
सार्वजनिक वितरण प्रणाली और सप्लीमेंट्री न्यूट्रिशन प्रोग्राम सरकार की दो योजनाएं हैं जिनका उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद लोगों को टीपीडीएस के तहत राशन कार्ड धारकों को गेहूं, चावल, चीनी जैसी आवश्यक वस्तुएं सस्ती दरों पर उपलब्ध कराई जाती हैं। वहीं, एसएनपी के तहत आंगनवाड़ी केंद्रों और स्कूलों के माध्यम से बच्चों, गर्भवती महिलाओं और धात्री माताओं को पौष्टिक आहार दिया जाता है।
वर्जन
मंडी से माल उठाने और ले जाने के लिए टेंडर जारी किए जा चुके हैं। एक अप्रैल तक आवेदन किए जा सकते हैं।
बाबूलाल, अकाउंटेंट, खाद्य आपूर्ति विभाग