रेवाड़ी। मार्च में पेश होने वाले राज्य बजट को लेकर हरियाणा सरकार ने आम नागरिकों से सुझाव आमंत्रित किए हैं। इसी कड़ी में व्यापारियों ने भी उम्मीद जताई है। उनका कहना है कि बजट केवल कर छूट तक सीमित नहीं रहे बल्कि इसमें बाजार और छोटे व्यापारियों के हितों पर ठोस कदम उठाने चाहिए।
व्यापारियों का कहना है कि सरकार ने पिछले कुछ वर्षों में टैक्स में कई प्रकार की छूट दी है जो सराहनीय है। कपड़ा व्यापार से जुड़े व्यापारियों ने भी बजट से विशेष उम्मीदें जताई हैं। उनका कहना है कि कपड़ा व्यापार लंबे समय से मंदी के दौर से गुजर रहा है।
बढ़ती लागत, जीएसटी की जटिलताएं और बाजार में घटती मांग ने व्यापारियों की परेशानियां बढ़ा दी हैं। बजट में कपड़ा व्यापारियों को विशेष पैकेज या टैक्स में अतिरिक्त छूट दी जाए जिससे छोटे और मध्यम व्यापारी राहत महसूस कर सकें।
कपड़ा व्यापारियों ने यह भी सुझाव दिया कि स्थानीय बाजारों में व्यापार बढ़ाने के लिए सरकार को विशेष योजनाएं शुरू करनी चाहिए। इससे न केवल व्यापार को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे।
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कपड़ा व्यापार लंबे समय से मंदी के दौर से गुजर रहे हैं। बढ़ती लागत, जीएसटी की जटिलताएं और बाजार में घटती मांग ने व्यापारियों की परेशानियां बढ़ा दी हैं। बजट में कपड़ा व्यापारियों को विशेष पैकेज या टैक्स में अतिरिक्त छूट दी जाए, जिससे छोटे और मध्यम व्यापारी राहत महसूस कर सकें।-दीपेश भार्गव, प्रधान, बजाजा बाजार
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इस बार बजट से काफी उम्मीद है। स्थानीय बाजारों में व्यापार बढ़ाने के लिए सरकार को विशेष योजनाएं शुरू करनी चाहिए, ताकि व्यापारिक क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार हो। इससे न केवल व्यापार को बढ़ावा मिलेगा बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी पैदा होंगे। उम्मीद है कि इस बार का बजट व्यापारियों के हितों को ध्यान में रखकर तैयार किया जाएगा।रोहित सचदेवा, व्यापारी
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सरकार ने टैक्स में कई प्रकार की छूट दी है जो सराहनीय है। बड़े ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म भारी छूट देकर सामान बेचते हैं, जिससे छोटे दुकानदार उनके साथ प्रतिस्पर्धा नहीं कर पाते। स्थानीय दुकानदारों को भी बराबरी का अवसर मिल सके। इसके लिए कोई योजना बनाने की जरूरत है। अनिल अरनेजा, फाउंडर मेंबर, संयुक्त व्यापार संगठन रेवाड़ी।
बजट केवल आंकड़ों का दस्तावेज न होकर आम लोगों की उम्मीदों और जरूरतों का प्रतिबिंब होना चाहिए। यदि सरकार व्यापारियों की समस्याओं को गंभीरता से लेकर ठोस निर्णय लेती है तो इससे राज्य की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और बाजारों में फिर से रौनक लौटेगी। व्यापारियों को उम्मीद है कि आने वाले बजट में सरकार उनकी अपेक्षाओं को प्राथमिकता देगी। रमेश सचदेवा, व्यापारी