सिविल अस्पताल में निरीक्षण करते स्वास्थ्य निदेशक डॉ. वीरेंद्र यादव। संवाद
रेवाड़ी। सिविल अस्पताल रेवाड़ी में व्यवस्थाओं को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। स्वास्थ्य विभाग के निदेशक डॉ. वीरेंद्र यादव ने रेवाड़ी दौरे के दौरान अस्पताल का निरीक्षण किया जहां कई कमियां और अव्यवस्थाएं सामने आईं।
निरीक्षण के दौरान अस्पताल में कर्मचारियों की वर्दी सही नहीं मिली। कई कर्मचारी बिना पहचान पत्र के दिखाई दिए। वहीं जिन कर्मचारियों की जिस स्थान पर ड्यूटी निर्धारित थी, वे वहां मौजूद नहीं पाए गए। इसको लेकर स्वास्थ्य निदेशक ने कड़ी नाराजगी जताई और कहा कि ड्यूटी में कोताही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जो भी कर्मचारी लापरवाही करते पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। निरीक्षण के दौरान अस्पताल के नए भवन, आयुष विभाग, अल्ट्रासाउंड और गायनी विभाग को लेकर भी चर्चा हुई।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि जरूरत के अनुसार कुछ विभागों को जल्द शिफ्ट किया जाए ताकि मरीजों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। 300 बेड वाले अस्पताल की योजना को लेकर भी मंथन किया गया।
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गर्भवतियों का खुद कराएं बाहर से अल्ट्रासाउंड
डॉ. वीरेंद्र यादव ने कहा कि गर्भवती महिलाओं को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि जरूरत पड़ने पर नजदीकी केंद्रों पर महिलाओं के अल्ट्रासाउंड कराए जाएं और इसकी भुगतान राशि महिलाओं से न ली जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि अस्पताल की व्यवस्थाओं में जल्द सुधार नहीं हुआ तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। अंत में स्वास्थ्य अधिकारियों की बैठक भी ली गई। 300 बेड के अस्पताल की प्रगति की समीक्षा की गई।