रेवाड़ी। राव तुलाराम स्टेडियम में सिंथेटिक ट्रैक बनाने का कार्य तेजी से किया जा रहा है। अप्रैल तक ट्रैक तैयार होने की उम्मीद है। ट्रैक के लिए स्टेडियम की जमीन को समतल किया गया है। अब तारकोल की लेयर डालने का कार्य किया जाएगा। इसके बाद सिंथेटिक ट्रैक की लेयर तैयार होगी।
सिंथेटिक ट्रैक पर 9.69 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। ट्रैक पर फ्लड लाइट भी लगाई जाएगी। इस पर 65 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। फ्लड लाइट से रात के समय भी इवेंट कराए जा सकेंगे। खिलाड़ी रात में प्रैक्टिस कर सकेंगे। सिंथेटिक ट्रैक बनने से धावकों को अभ्यास करने में आसानी होगी।
जिले में उच्चस्तरीय ट्रैक नहीं होने के बाद भी सात वर्षों में जिले के कई खिलाड़ी स्टेट, नेशनल के अलावा पैरा एथलेटिक्स में मेडल प्राप्त कर चुके हैं। खिलाड़ी सिंथेटिक ट्रैक की मांग कर रहे थे।
प्रदेश के गुरुग्राम, फरीदाबाद, रोहतक, अंबाला, सोनीपत, पानीपत, भिवानी, पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, कुरुक्षेत्र, हिसार और जींद के नरवाना में सिंथेटिक ट्रैक बना है। रेवाड़ी में सिंथेटिक ट्रैक तैयार होने से खिलाड़ियों को सुविधा होगी।
सिंथेटिक ट्रैक पर दौड़, लॉन्ग जंप, हाई जंप, गोला फेंक व भाला फेंक सहित 100 मीटर से लेकर 10 हजार मीटर तक की दौड़ हो सकेगी। पुरुषों की 24 और महिलाओं की 23 विधाएं कराई जा सकती है। सिंथेटिक ट्रैक पर खिलाड़ी बारिश में भी अभ्यास कर सकेंगे।
400 मीटर के सिंथेटिक ट्रैक में होंगी 8 लेन
सिंथेटिक ट्रैक एक खास तरह की रबर को कुसिंग करके बनाया जाता है। ट्रैक बनाने के लिए पहले मिट्टी और रोड़ी की कई परतें बिछाई जाती है। लेवलिंग के बाद घास लगाई जाती है ताकि ट्रैक पर धूल-मिट्टी एकत्रित न हो। इसके बाद ट्रैक के चारों ओर रेलिंग लगाई जाती है ताकि धावकों के अलावा कोई अन्य व्यक्ति ट्रैक पर न आ सके। इन सब कार्यों के बाद अंत में ट्रैक बिछाया जाता है। जिला मुख्यालय पर बन रहे 400 मीटर के सिंथेटिक ट्रैक में 8 लेन होगी। इस ट्रैक को 1 लेन की चौड़ाई 122 मीटर से 1.5 मीटर के करीब होगी।
वर्जन
राव तुलाराम स्टेडियम में सिंथेटिक ट्रैक बनाने का कार्य तेजी से चल रहा है। अप्रैल तक ट्रैक तैयार होने की उम्मीद है। सिंथेटिक ट्रैक बनने से खिलाड़ियों को काफी सुविधा मिलेगी।-ममता यादव, कार्यवाहक खेल अधिकारी, रेवाड़ी।