विद्यार्थियों व शिक्षकों को साइबर ठगी से बचाव को लेकर जागरूक करती पुलिस की टीम। स्रोत : पुलिस
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रेवाड़ी। पुलिस की ओर से कुंड और खंडोडा में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में 1500 विद्यार्थियों, शिक्षकों और स्टाफ सदस्यों को साइबर ठगी से बचाव के तरीके बताए गए।
थाना खोल के प्रभारी गजराज सिंह और थाना बावल के प्रभारी रणबीर सिंह की अगुवाई में पुलिस टीम ने विद्यार्थियों को जागरूक किया गया।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि साइबर ठग लोन देने का लालच देकर लोगों को फर्जी एप डाउनलोड करवाते हैं।
इसके माध्यम से वे मोबाइल के संपर्कों, फोटो और अन्य निजी जानकारियों तक पहुंच हासिल कर ब्लैकमेलिंग कर सकते हैं। विद्यार्थियों और शिक्षकों को अनजान एप डाउनलोड नहीं करने तथा बिना जांचे किसी एप को मोबाइल की संवेदनशील जानकारियों की अनुमति नहीं देने की सलाह दी गई। लोन के लिए अधिकृत बैंक या वित्तीय संस्थान का ही चयन करने को कहा गया।
पुलिस ने बताया कि ठग पुलिस, सीबीआई, ईडी या कूरियर कंपनी का अधिकारी बनकर डिजिटल अरेस्ट की धमकी देते हैं और पैसे मांगते हैं। ऐसे फोन कॉल से घबराने के बजाय उनकी सूचना पुलिस को दें।
व्हाट्सएप और टेलीग्राम पर पार्ट टाइम नौकरी, लॉटरी और टास्क के नाम पर आने वाले संदिग्ध लिंक से भी दूर रहने की सलाह दी गई। किसी के साथ ओटीपी, यूपीआई पिन, सीवीवी या बैंकिंग पासवर्ड साझा नहीं करने के लिए जागरूक किया गया।