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‘धरने पर बैठीं बेटियों को धमकाने वाले तहसीलदार पर हो कार्रवाई’

Mon, 29 May 2017 12:48 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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स्कूल अपग्रेड करने की मांग को लेकर राजगढ़ में छात्राओं और ग्रामीणों का धरना नौवें दिन भी जारी रहा। धरने पर बैठीं छात्राओं और ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि सोमवार तक स्कूल अपग्रेड करने का लेटर नहीं आता है तो सभी लोग भूख हड़ताल शुरू कर देंगे।
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स्कूल गेट के पास धरने पर बैठे सभी लोगों का कहना है कि अपग्रेडेशन की सारी शर्तें पूरी करने के बावजूद उनकी मांग को अनसुना किया जा रहा है। दूसरी तरफ तीन दिन पहले रात को गांव में पहुंचकर ग्रामीणों को धमकाने के मामले में अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति ने ग्रामीणों के साथ डीसी को मामले की जानकारी दी।

कैंप आफिस पहुंचे समिति के पदाधिकारियों और ग्रामीणों ने मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की। डीसी ने इस मामले में कमेटी गठित कर जांच का आश्वासन दिया।    
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आल इंडिया वीमेन्स एसोसिएशन की जनरल सेक्रेट्री जगमति सांगवान, अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति की राज्य सचिव सविता के अलावा अन्य लोग ग्रामीणों के साथ रविवार को डीसी डा. यश गर्ग से कैंप आफिस में मिले। महिलाओं ने तहसीलदार द्वारा तीन दिन पहले कथित रूप से ग्रामीणों और धरने पर बैठी बच्चियों को धमकाने का आरोप लगाकर कार्रवाई की मांग की।

इन लोगों का कहना था कि राजगढ़ की बेटियां भय के माहौल में स्कूल अपग्रेडेशन की मांग को लेकर धरने पर बैठी हैं। ऐसे में रात को 11 बजे के बाद धरना समाप्त कराने के लिए तहसीलदार का पुलिस और अन्य प्रशासन के साथ गांव में जाना कहां तक जायज है।  

जनवादी महिला समिति की पदाधिकारियों की मांग के बाद उपायुक्त डॉ. यश गर्ग ने धमकी देने के मामले में गांव के लोगों से बातचीत की। गांव की कुछ महिलाओं और एक पूर्व फौजी ने उपायुक्त को उस रात हुई बातचीत की जानकारी दी। इसके बाद डीसी ने मामले की जांच के लिए तत्काल कमेटी गठित करने का आश्वासन दिया। साथ ही ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि अगर प्रकरण में तहसीलदार दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।

सोमवार तक अपग्रेडेशन का लेटर आने की उम्मीद
स्कूल अपग्रेड होने के मामले में उपायुक्त ने ग्रामीणों से कहा कि शिक्षा मंत्री ने सूबे के जिन 122 स्कूलों को अपग्रेड करने को कहा है उसमें राजगढ़ का सरकारी स्कूल भी शामिल है। साथ ही कहा है कि इस मामले की फाइल सीएम के पास पहले ही जा चुकी है। किन्हीं कारणों से मुख्यमंत्री बाहर थे, इस वजह से अपग्रेडेशन का लेटर नहीं आ पाया। साथ ही उम्मीद जताई है कि सोमवार को राजगढ़ के सरकारी स्कूल के अपग्रेडेशन का लेटर मिल जाएगा। इसके बाद सारी प्रशासनिक प्रक्रियाएं तत्काल पूरी कर दी जाएंगी। उपायुक्त ने कहा कि राजगढ़ में नौ दिन से धरने पर बैठी बेटियों के लिए प्रशासन को भी चिंता है। सुरक्षा के लिहाज से महिला पुलिस वहां पर तैनात कराई जा चुकी है। बेटियां पूरी तरह सुरक्षित हैं।

बेटियां अभी तक भूख हड़ताल पर तो नहीं गई हैं लेकिन सोमवार तक लेटर नहीं आया तो बेटियां और ग्रामीण भूख हड़ताल से भी पीछे नहीं हटेंगे। - विनेश देवी, ग्रामीण, राजगढ़

दो दिन पहले तहसीलदार ने रात में आकर गांव के सरपंच और अन्य मौजिज लोगों को धमकाया था। बिजली-पानी भी बंद कराने की धमकी दी थी। - ललिता देवी, ग्रामीण, राजगढ़

गांव की बेटियां प्रशासन और सत्तारूढ़ पार्टी के ही एक नेता से भयभीत हैं। इससे माहौल की वस्तु स्थिति समझी जा सकती है। सरकार खुद ही सरकारी स्कूलों को निजीकरण की ओर धकेल रही है। फरीदाबाद में पांच-छह सरकारी स्कूल निजी शिक्षण संस्थानों को गोद देकर इसकी शुरूआत भी हो चुकी है। इसके खिलाफ हम आवाज उठाएंगे और बेटियों की आवाज को जन जन तक पहुंचाएंगे। - सविता, राज्य सचिव, अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति

राज्य ही नहीं केंद्र सरकार की सबसे बड़ी योजना ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ के प्रति सरकार खुद कितनी जागरूक है इसका अंदाजा पहले गोठड़ा ठप्पा और बाद में राजगढ़ के मामले में दिख रहा है। पढ़ाई के हक के लिए बेटियां धरने पर बैठी हैं। सरकार स्कूल अपग्रेड करने के मामले में इतना पीछे है। ऊपर से उनके अधिकारी ही धमकी देते हैं। मामले में जांच के लिए उपायुक्त से मिलकर ज्ञापन सौंपा है। - जगमति सांगवान, जनरल सेक्रेट्री, ऑल इंडिया वीमेन्स एसोसिएशन

मामले में तहसीलदार के खराब बर्ताव और बच्चियों के सामने धमकी देने को लेकर शिकायत मिली थी। मामले की विस्तृत जांच के लिए कमेटी गठित की गई है। जांच में दोषी पाए जाने पर कार्रवाई होगी।  - डॉ. यश गर्ग, उपायुक्त, जिला रेवाड़ी
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