राजीव गांधी खेल परिसर की मौजूदा दशा। संवाद
रेवाड़ी। रेवाड़ी जिले के राजीव गांधी खेल परिसरों को जल्द नया स्वरूप मिलने जा रहा है। लंबे समय से जर्जर भवनों, क्षतिग्रस्त मैदानों, टूटी चहारदीवारियों और खराब प्रकाश व्यवस्था जैसी समस्याओं से जूझ रहे खिलाड़ियों को अब राहत मिलने की उम्मीद है। करीब 1 करोड़ 49 लाख रुपये की लागत से मरम्मत कार्य शुरू कर दिया गया है।
लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने कोसली और आशियाकी पांचौर स्थित खेल परिसरों में कार्य आरंभ कर दिया है, जबकि गुरावड़ा और मनेठी सहित अन्य परिसरों में भी जल्द काम तेज किया जाएगा। प्रशासन का लक्ष्य सभी खेल परिसरों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करना है, ताकि खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण वातावरण उपलब्ध हो सके।
लंबे समय से खिलाड़ी परिसरों की बदहाल स्थिति को लेकर शिकायत कर रहे थे। कई भवनों के शीशे टूटे हुए हैं, दरवाजे क्षतिग्रस्त हैं और एथलेटिक ट्रैक में गड्ढों के कारण खिलाड़ियों को चोट लगने का खतरा बना रहता है। पर्याप्त सुविधाओं के अभाव में खिलाड़ियों को अपना खेल सामान प्रतिदिन घर से लाना पड़ता है, जिससे उन्हें असुविधा का सामना करना पड़ता है।
जिला खेल अधिकारी मनोज कुमार के अनुसार, विभाग द्वारा तैयार सूची के आधार पर सभी आवश्यक कार्य चरणबद्ध तरीके से पूरे किए जाएंगे। मरम्मत कार्यों में भवनों की मरम्मत और रंग-रोगन, एथलेटिक ट्रैक व मैदानों का समतलीकरण, टूटी चहारदीवारियों की मरम्मत, हाईमास्ट लाइटों की स्थापना, नियमित सफाई व्यवस्था तथा सुरक्षा प्रबंधों को मजबूत करना शामिल है।
उन्होंने बताया कि आगामी तीन से चार महीनों में कार्य पूरा होने की उम्मीद है। इसके बाद खिलाड़ियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और बेहतर खेल वातावरण उपलब्ध होगा, जिससे जिले में खेल गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।