रेवाड़ी। चार माह से बिछड़ी पंजाब की महिला को वन स्टॉप सेंटर ने परिजनों से मिलाया।
महिला एवं बाल विकास विभाग के अंतर्गत चलाए जा रहे वन स्टॉप सेंटर में 28 जनवरी को एक महिला को रामपुरा थाने से शेल्टर के लिए लाया गया था। यह महिला पिछले लगभग 4 महीने से नागरिक अस्पताल में भर्ती थी। महिला को इलाज के बाद अस्पताल प्रशासन की ओर से रामपुरा थाना को सौंप दिया गया। रामपुरा थाना से महिला को एक रात के आश्रय के लिए वन स्टॉप सेंटर छोड़ा गया था ताकि अगले दिन महिला को वृद्ध आश्रम छोड़ा जा सके।
केंद्र संचालिका ने महिला से बात की तो उसे महिला ने अपना नाम व पता बताया। इससे पता चला कि वह पंजाब के होशियारपुर जिले की रहने वाली है। महिला के पास परिजनों का कोई भी मोबाइल नंबर नहीं था।
महिला से मिली जानकारी के आधार पर जिला होशियारपुर के वन स्टॉप सेंटर में संपर्क किया गया और संबंधित गांव के आंगनबाड़ी केंद्र के जरिए महिला का पता खोजा गया। महिला के पति व गांव के सरपंच से बात हुई। पिछले 4 महीने से महिला का पति उसे जगह-जगह ढूंढ रहा था। वह महिला के सही सलामत होने की खबर पाकर बहुत खुश हुआ। महिला के परिजन वीरवार को वन स्टॉप सेंटर में पहुंचे और उन्होंने वन स्टॉप सेंटर का धन्यवाद किया।
केंद्र संचालिका ललित कालरा का कहना है कि इस तरह की महिलाओं को उनके घर तक पहुंचने में वन स्टॉप सेंटर एक अहम भूमिका निभा रहा है। कोई जरूरतमंद महिला केंद्र से संपर्क कर सकती है।