रेवाड़ी। इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रशिक्षण शिविर के आयोजन को लेकर एनएसयूआई ने विरोध प्रदर्शन किया। छात्र नेता रवि मसीत के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार दिलबाग सिंह का पुतला फूंका और उनके खिलाफ नारेबाजी की। इस दौरान एनएसयूआई के प्रदेश सचिव जीतू यादव भी मौजूद रहे।
कहा कि दो दिन पहले विश्वविद्यालय परिसर में रजिस्ट्रार दिलबाग सिंह और कुछ अन्य लोगों की भूमिका में आरएसएस का प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया था। संगठन ने इस आयोजन पर आपत्ति जताते हुए कहा कि विश्वविद्यालय शिक्षा, शोध और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास का केंद्र होना चाहिए, न कि किसी संगठन की गतिविधियों या राजनीतिक विचारधारा का।
छात्र नेता रवि मसीत ने कहा कि इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय को राजनीति का अखाड़ा बनाया जा रहा है, जबकि विश्वविद्यालय के विकास और विद्यार्थियों की समस्याओं पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के साथ मूलभूत सुविधाओं, रोजगारोन्मुख शिक्षा और विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय के प्रशासनिक अधिकारियों से निष्पक्षता और जिम्मेदारी की अपेक्षा की जाती है। किसी विशेष संगठन के कार्यक्रम में अधिकारी की भूमिका को लेकर सवाल उठते हैं, इसलिए विश्वविद्यालय प्रशासन को इस मामले में जवाब देना चाहिए। साथ ही परिसर की शैक्षणिक गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने की मांग की।
एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने कहा कि विश्वविद्यालय का विकास विद्यार्थियों की समस्याओं का समाधान करने और शैक्षणिक सुविधाओं को बेहतर बनाने से होगा।
प्रदर्शन में हनी, जयंत, शिवम, जय, रोहित, सुमित, अंकित, शुभम और प्रियांशु सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।