कोसली (रेवाड़ी)। क्षेत्र के गांव बव्वा में पचास हजार रुपये के लिए रविवार की रात भांजे ने अपने ही मामा परशुराम (44) को पीट-पीटकर मार डाला। घटना के बाद से गांव में सनसनी फैल गई है। मृतक की पत्नी की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है।
गांव बव्वा निवासी परशुराम (44) गुरुग्राम की एक निजी कंपनी में सुपरवाइजर के पद पर कार्यरत थे और अपने परिवार के साथ गुरुग्राम में ही रहते थे। रविवार को वह अपने परिवार के साथ गांव बव्वा में शादी समारोह में शामिल होने आए थे। शादी के बाद वह परिवार सहित गांव स्थित अपने पैतृक मकान में रुके हुए थे।
गुरुग्राम के राजेंद्र पार्क क्षेत्र का रहने वाला आरोपी भांजा रोहित रविवार की रात नौ बजे दो गाड़ियों में अपने साथियों के साथ परशुराम के घर पहुंचा। आरोप है कि रोहित ने घर पहुंचते ही पैसों को लेकर विवाद शुरू कर दिया।
कोविड लॉकडाउन के दौरान रोहित ने अपने मामा परशुराम के खाते में 50 हजार रुपये डाले थे। इसी रकम को लेकर दोनों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद में रोहित ने परशुराम की हत्या कर डाली।
परशुराम के बेटे ने आरोपियों की ओर से दी जा रही धमकियों का वीडियो बना लिया जिसे पुलिस को सौंप दिया गया है। फिलहाल पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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पत्नी बोलीं-पति का सिर सीढ़ी से टकराया, फिर भी उन्हें बुरी तरह पीटा
परशुराम की पत्नी सुमन ने कोसली पुलिस को दी शिकायत में बताया है कि रविवार की रात रोहित अपनी पत्नी और अन्य साथियों के साथ घर में दाखिल हुआ। उस समय घर में परशुराम, बेटा और बेटी मौजूद थे। बातचीत के दौरान अचानक पैसों को लेकर कहासुनी बढ़ गई। सुमन ने बताया कि उन्होंने बीच-बचाव करने की कोशिश की लेकिन रोहित ने परशुराम की गर्दन पकड़कर जोर से धक्का दे दिया। धक्के के कारण परशुराम का सिर सीढ़ियों पर जा टकराया और वह गंभीर रूप से घायल हो गए। आरोप है कि इसके बाद रोहित और उसके साथियों ने मिलकर परशुराम के साथ मारपीट की। विरोध करने पर महिलाओं को भी धक्का दिया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। जाते समय आरोपी यह कहते हुए फरार हो गए कि जो करना है कर सकते हैं। घटना के बाद परिजन परशुराम को तुरंत अस्पताल लेकर पहुंचे जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद परशुराम को मृत घोषित कर दिया।
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लेनदेन की वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी
परशुराम के परिजनों का कहना है कि परशुराम ने कभी रोहित से पैसे नहीं मांगे थे और रोहित ने यह राशि अपनी मर्जी से जमा कराई थी। रोहित इस रकम को लेकर लगातार दबाव बना रहा था और देनदारी का दावा कर रहा था। हालांकि लेनदेन की वास्तविक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है।
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वर्जन
आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।-मनोज, प्रभारी, थाना कोसली।