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लापता छात्रा की हत्या, शव कुएं में फेंका

Fri, 07 Nov 2014 12:34 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, रेवाड़ी
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खोल खंड क्षेत्र के गांव जैनाबाद की छात्रा बुधवार को लापता हो गई थी। बृहस्पतिवार सुबह छात्रा का शव कुएं में पड़ा मिला। घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में सनसनी फैल गई। सूचना पर एसपी हामिद अख्तर भी मय फोर्स के मौके पर पहुंचे। परिजनों ने एक युवक पर हत्या के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया है। वहीं घटना को पुलिस आत्महत्या से जोड़कर भी देख रही है। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया। अब घटना का सही पता लगाने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।
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जानकारी के अनुसार गांव जैनाबाद निवासी किस्मत (16) राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में 11 वीं क्लास में पढ़ती थी। बुधवार को हाफ टाइम में वह घर खाना खाने के बाद स्कूल के लिए निकली थी। स्कूल न पहुंचने पर अध्यापकों ने इसकी सूचना परिजनों को दी। तलाश के बाद भी किस्मत कहीं नहीं मिली तो उसके भाई शमशेर ने डहीना पुलिस चौकी में घटना की शिकायत दी।

पुलिस ने गोथरा गांव निवासी युवक गोविंद के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज कर उससे पूछताछ की, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। बृहस्पतिवार सुबह गांव के पास स्थित एक कुएं के किनारे चप्पल देख किसी ग्रामीण ने अंदर झांका तो कुएं में शव पड़ा दिखाई दिया। शव देखकर गांव में सनसनी फैल गई। सूचना पर परिजन के अलावा एसपी हामिद अख्तर, डीएसपी गजेंद्र कुमार, डीएसपी कोसली हरेंद्र कुमार, एसएचओ हेमंत, डहीना चौकी प्रभारी अजीत सिंह, सरपंच लालदास सहित सैकड़ों ग्रामीण मौके पर पहुंचे। क्रेन की मदद से पुलिस कर्मी कुएं में उतरे। 3 घंटे की मशक्कत के बाद शव कुएं से बाहर निकलवाया गया।
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इस पर परिजनों ने शव की पहचान किस्मत के रूप में की। पुलिस ने पीड़ित परिवार के आरोप के आधार पर आरोपी अपहर्ता के खिलाफ ही हत्या की धारा में मुकदमा दर्ज कर लिया। जिस खेत में कुआं था उसके मालिक से इस संबंध में पूछताछ की तो उसने बताया कि शाम तक उसने खेत में काम किया तब वहां कोई नहीं आया था। इससे माना जा रहा है कि घटना रात के वक्त हुई।


दोपहर में आया था अंशू का फोन
मृतक छात्रा की बड़ी बहन ने बताया कि बुधवार दोपहर को खाने खाने छात्रा किस्मत घर आई थी। उसी दौरान मोबाइल फोन पर किसी युवक का फोन आया था। किस्मत समझकर उससे बात करते वक्त उस लड़के ने बुधवार रात कोठी में मिलने की बात कही थी। साथ ही कहा कि परिवार के लिए जो दवाई दी है वह खिलाई या नहीं। जब नाम पूछा तो लड़के ने खुद को अंशू बताया। परिजनों का अनुमान है कि किस्मत का अपहरण कर उसकी हत्या करने में फोन करने वाले कथित अंशू का हाथ है।

पूछताछ होती तो बच जाती बहन
मृतक छात्रा के भाई शमशेर ने बताया कि मामला दर्ज कराने के बाद भी पुलिस ने आरोपी से कड़ाई से पूछताछ नहीं की। फोन करने वाले एक आरोपी गोविंद को पकड़ लिया गया था। आरोप है कि अगर पुलिस तत्परता दिखाती तो उसकी बहन को बचाया जा सकता था। भाई ने बताया कि उसकी बहन ने आत्महत्या नहीं की, बल्कि कोठी में रहने वाले युवकों ने उसकी हत्या की है।
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