उधार के रुपये मांगने पर 11वीं के छात्र की चाकू से गोदकर हत्या करने के मामले में अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुनील कुमार दीवान ने चारों दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है। दोषियों में मोहल्ला कुतुबपुर निवासी दीपक, खड्डा बस्ती निवासी सागर व अजय उर्फ अविनाश तथा कुतुबपुर निवासी पवन कुमार शामिल हैं।
25 जनवरी 2017 की सुबह शहर थाना पुलिस ने अहीर कॉलेज के खेल ग्राउंड में एक युवक का शव बरामद किया था। मृतक की शनाख्त मोहल्ला रामबास निवासी शिवदयाल उर्फ शिबू के बेटे राजेंद्र के रूप में हुई थी। राजेंद्र 11वीं कक्षा का छात्र था। शिवदयाल ने शिकायत दर्ज कराई थी कि राजेंद्र ने दीपक को दस हजार रुपये, पवन शर्मा को 70 हजार रुपये व सागर को सात हजार रुपये उधार दिए थे। राजेंद्र तीनों पर रुपये वापस देने के लिए दबाव बना रहा था। 24 जनवरी 2017 को दीपक, सागर, पवन व अजय उर्फ अविनाश ने राजेंद्र को नाईवाली रेलवे पुल के नीचे बुलाया था। यहां पर राजेंद्र की चारों के साथ बहस हो गई थी। चारों ने चाकू से गोदकर राजेंद्र की हत्या कर दी थी। शहर थाना पुलिस ने चारों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अदालत में चालान पेश किया था। पुलिस द्वारा रखे गए साक्ष्यों व गवाहों के बयान के आधार पर अदालत ने चारों को राजेंद्र की हत्या का दोषी करार दिया। दिए अपने निर्णय में एएसजे सुनील कुमार दीवान की अदालत ने चारों को हत्या के मामले में दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है। दोषियों पर जुर्माना भी लगाया है।