आयुष्मान भारत स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत आयुष्मान कार्ड बनवाने में आ रही परेशानी अब खत्म हो गई है। 20 दिन से सर्वर में आ रही परेशानी बुधवार को ठीक हो गई। शाम के समय शहर के नागरिक अस्पताल में कर्मियों की ओर से आयुष्मान कार्ड बनाये गये।
आर्थिक-सामाजिक जनगणना-2011 के आधार पर जिला के 45 हजार परिवारों को लाभार्थियों को सूची में शामिल किया गया था। लेकिन गोल्डन कार्ड अभी तक महज 20 हजार परिवारों के ही बन पाये हैं। ऐसे में एक बार फिर से बंद पड़ा सर्वर ठीक होने से कार्ड बनने में तेजी आने की उम्मीद की जा सकती है।
-योजना से जुड़े दो नये अस्पताल
आयुष्मान योजना के एक साल बीत जाने के बाद भी जिला में महज 11 अस्पातल ही जुड़ पाये हैं। इनमें से भी तीन अस्पताल आंखों के हैं। बीते रविवार को स्वास्थ्य विभाग व दो नये निजी अस्पतालों के बीच अनुबंध होने से अब योजना में शामिल अस्पतालों की संख्या 13 पर पहुंच गई है। दो नये अस्पतालों में शहर के बड़ा तालाब स्थित ललिता मैमोरियल व नाईवाली चौक के पास कैप्टन नंदलाल अस्पताल शामिल हैं। इससे पहले योजना में धारुहेड़ा चुंगी स्थित विराट अस्पताल, पायलेट चौक स्थित पुष्पांजलि, रिति आई केयर, आईक्यूू, धीर आईकेयर, आरबी यादव, एसपी यादव व तीन सरकारी अस्पताल शामिल हैं।
-सभी पैनल अस्पतालों में निशुल्क कार्ड बनाने की सुविधा
आयुष्मान भारत के रेवाड़ी के आईटी मैनेजर मनीष खत्री ने बताया कि आयुष्मान कार्ड सभी पैनल अस्पतालों में निशुल्क बनवाये जा सकते हैं। इसके अलावा सीएसी सेंटर पर इसके लिए 30 रुपये फीस निर्धारित की गई है। जिला में अब पैनल अस्पतालों की संख्या बढ़कर 13 हो गई है।
लाभार्थी को आधार कार्ड साथ लेकर जाना जरुरी
आईटी मैनेजर ने बताया कि यदि लाभार्थी के पास पीएम या सीएम पत्र आया हुआ है तो व अपने साथ आधार कार्ड लेकर अपना गोल्डन कार्ड बनवा सकता है। जैसे एक परिवार में 5 सदस्य हैं तो सभी के अलग-अगल कार्ड बनेंगे। इस दौरान लाभार्थी के अंगूठे के निशान लेकर कार्ड बना दिया जाता है। इसके अलावा किसी भी जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर- ़14555/1800111565 पर कॉल कर जानकारी ली जा सकती है।