रेवाड़ी। सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय हस्तशिल्प मेले में सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था लावण्या फाउंडेशन के कलाकारों ने लोकनृत्य और गीतों से प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत को जीवंत किया।
रेवाड़ी के कलाकार रोहित सैनी, संगीता, अंजली, पूर्वी, अंजली भारद्वाज, अंजना, वंशिका, निर्मला, प्रिया, कृति, शिखा, मोहित, पियंका गुप्ता, रिया अग्रवाल और हेजल ने प्रस्तुतियां दीं।
कलाकारों ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुति देना उनके लिए गर्व और सौभाग्य की बात है। रेवाड़ी की लावण्या फाउंडेशन ने हरियाणवी नृत्य की छटा बिखेर कर अलग पहचान बनाई।
संस्था के प्रधान दीपक कुमार ने कहा कि आज हरियाणा की संस्कृति का डंका देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी बज रहा है। हरियाणवी लोकगीत और नृत्य अंतरराष्ट्रीय मंचों पर सराहे जा रहे हैं।
उन्होंने मेले के नोडल अधिकारी हरविंद्र सिंह यादव, सांस्कृतिक इंचार्ज राजपाल और वीरेंद्र यादव का आभार जताया, जिनके सहयोग से रेवाड़ी के कलाकारों को इस प्रतिष्ठित मंच पर प्रस्तुति का अवसर मिला। इस अवसर पर अनूप प्रकाश और मनोहर लाल भी उपस्थित रहे।