चिटफंड कंपनी में निवेश कराकर रुपये दोगुना करने का झांसा देकर लोगों से ठगी करने के मामले में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान मध्य प्रदेश के टोंकखुर्द क्षेत्र के गांव नावदा निवासी संजय वर्मा के रूप में हुई है। आरोपी वर्तमान में भोंडसी जेल में बंद था और मॉडल टाउन पुलिस ने पूछताछ के लिए प्रोडक्शन वारंट पर दो दिन के रिमांड पर लिया है।
एएसआई ओमप्रकाश ने बताया कि राजस्थान के अलवर जिले के गांव खानपुर निवासी नरेश कुमार ने अपनी शिकायत में कहा था कि मध्य प्रदेश निवासी माखनलाल वर्मा ने मालवांचल इंडिया लिमिटेड के नाम इंदौर में कंपनी खोली हुई थी। उसका एक कार्यालय रेवाड़ी शहर के ब्रास मार्केट में भी खोल रखा था। इसमें सुमन वर्मा, संजय वर्मा, प्रवीण पटेल, मुरारी लाल पटेल, गोपाल पटेल, अमित रतनाकर, महेंद्र गोसाई, बीरमती दली व सतीश कुमार सोनी भी काम करते थे। आरोपियों ने लोगों को कंपनी में पैसा जमा कर दोगुना राशि व अधिक ब्याज देने का लालच दिया था। कंपनी के झांसे में आकर सैकड़ों लोगों ने कंपनी में अपनी मेहनत की कमाई जमा कराई थी। कंपनी के दिए बांड का समय पूरा होने पर आरोपियों ने लोगों को पैसे वापस देने से इनकार कर दिया था। लोगों ने कंपनी पर उनके करोड़ों रुपये हड़पने का आरोप लगाया था। शिकायत के बाद सेक्टर-3 चौकी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। पुलिस को सूचना मिली की आरोपी संजय वर्तमान में भोंडसी जेल में बंद है।
शहर के विभिन्न स्थानों पर है चिटफंड कंपनियों के कार्यालय
उल्लेखनीय है कि जिले के विभिन्न स्थानों पर चिटफंड कंपनियों के कार्यालय खोल कर लोगों को डबल रुपये करने का झांसा देकर निवेश कराया जा रहा है। शहर के मॉडल टाउन के अलावा खोल, धारूहेड़ा व शहर थाना में ऐसे करीब एक दर्जन मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। हालांकि कुछ मामलों में पुलिस ने आरोपियों को काबू किया है। लेकिन लोगों के साथ ठगी करने वाली चिटफंड कंपनियों पर लगाम नहीं कसी जा सकी है।