खरखड़ा में अस्पताल के लिए खाली पड़ी जमीन। स्रोत : ग्रामीण
धारूहेड़ा। औद्योगिक क्षेत्र धारूहेड़ा में सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार नहीं हो पाया है। स्थानीय लोगों ने 50 बिस्तर के सरकारी अस्पताल का निर्माण जल्द शुरू कराने की मांग की है। उनका कहना है कि करीब दस साल पहले पंचायत ने जमीन उपलब्ध कराने का प्रस्ताव पारित किया था। इसके बाद भी अस्पताल का निर्माण शुरू नहीं हो पाया है।
धारूहेड़ा में औद्योगिक इकाइयों की संख्या बढ़ने के साथ श्रमिकों, कर्मचारियों और उनके परिवारों की आबादी भी बढ़ी है। आसपास के गांवों के लोगों को भी बेहतर चिकित्सा सुविधाओं की आवश्यकता है।
ऐसे में क्षेत्र में पर्याप्त सरकारी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होना जरूरी है। गंभीर बीमारी, दुर्घटना या आपातकालीन स्थिति में मरीजों को दूसरे अस्पतालों अथवा निजी चिकित्सा संस्थानों का रुख करना पड़ सकता है।
दिल्ली-जयपुर राष्ट्रीय राजमार्ग के नजदीक स्थित इस क्षेत्र में बेहतर आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्था की भी जरूरत है। खरखड़ा में प्रस्तावित अस्पताल शुरू होने से ग्रामीणों और औद्योगिक क्षेत्र के लोगों को राहत मिल सकती है।
ग्राम पंचायत खरखड़ा ने 22 जुलाई 2016 को प्रस्ताव संख्या पांच पारित किया था। इसमें आईजी साउथ कार्यालय के पास लगभग चार से पांच एकड़ पंचायत भूमि 33 वर्षों के लिए एक रुपये वार्षिक पट्टे पर स्वास्थ्य विभाग को देने का प्रस्ताव रखा गया था।
इसके बाद सिविल सर्जन कार्यालय रेवाड़ी की ओर से 24 अप्रैल 2018, 25 मई 2018 और 11 फरवरी 2021 को भी पत्राचार किया गया। इसके बावजूद वर्ष 2026 तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है।