केमिकल फैक्टरी में 19 मई को लगी भीषण आग के बाद लापता कर्मचारियों के परिजनों का धैर्य अब जवाब देने लगा है। घटना के पांच दिन बाद भी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिलने से परिवार गहरे सदमे और बेचैनी में हैं। शनिवार सुबह लापता कर्मचारी की पत्नी अपने पति की जानकारी नहीं मिलने पर फूट-फूटकर रो पड़ी।
महिला का दर्द देखकर वहां मौजूद लोग भी भावुक हो गए। वह रोते हुए बार-बार कहती रही, एक बार मेरे पति की सूरत तो दिखा दो। उसकी चीख-पुकार सुनकर मौके पर मौजूद महिला पुलिसकर्मी भी अपनी भावनाएं रोक नहीं सकीं और उनकी आंखें भी नम हो गईं।
पीड़ित महिला ने बताया कि हादसे के बाद से परिवार लगातार अपने लापता सदस्य की तलाश में भटक रहा है। कभी थाने के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं तो कभी अस्पतालों में जानकारी जुटाने के लिए जाना पड़ रहा है। कई बार फैक्ट्री के गेट पर भी इंतजार करना पड़ रहा है, लेकिन अभी तक कोई ठोस सूचना नहीं मिल पाई है।
परिजनों का कहना है कि पिछले पांच दिनों से वे भूखे-प्यासे इधर-उधर भटक रहे हैं। परिवार के लोग उम्मीद और चिंता के बीच हर पल काट रहे हैं। उन्हें प्रशासन और कंपनी से जल्द सही जानकारी मिलने की उम्मीद है, लेकिन लगातार बढ़ती अनिश्चितता ने उनकी परेशानियां और बढ़ा दी हैं।
घटना के बाद से परिजनों में गहरा आक्रोश और चिंता का माहौल बना हुआ है। उनका कहना है कि प्रशासन और कंपनी को लापता लोगों की स्थिति को लेकर स्पष्ट जानकारी देनी चाहिए ताकि परिवारों की बेचैनी कम हो सके। वहीं, हादसे के कई दिन बीतने के बाद भी जारी असमंजस ने परिजनों के दर्द को और गहरा कर दिया है।