फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम के दौरान एकत्रित हुए विद्यार्थी व प्रोफेसर। स्रोत : विवि
रेवाड़ी। मीरपुर स्थित इंदिरा गांधी विश्वविद्यालय में छह दिवसीय अटल फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का आयोजन किया गया। प्रोग्राम का विषय कृषि और स्वास्थ्य सेवा में एआई और प्रिसिजन टेक्नोलॉजी का एकीकरण है।
यह कार्यक्रम कंप्यूटर साइंस और टेक्नोलॉजी विभाग और जीव प्राणी विज्ञान विभाग द्वारा आयोजित ट्रेनिंग एंड लर्निंग अकादमी के सहयोग से प्रायोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर असीम मिगलानी एवं कुलसचिव प्रोफेसर दिलबाग सिंह की उपस्थिति में हुआ।
कार्यक्रम समन्वयक प्रोफेसर सत्येंद्र बल ने एफडीपी का परिचय देते हुए इसके उद्देश्य और महत्व पर प्रकाश डाला। सह-समन्वयक प्रोफेसर पंकज कुमार त्यागी ने प्रतिभागियों को कार्यक्रम की रूपरेखा और आगामी सत्रों की जानकारी साझा की।
कार्यक्रम के प्रथम दिन विशिष्ट व्याख्यान के मुख्य वक्ता प्रोफेसर दिनेश कुमार ने व्याख्यान दिया। उन्होंने बताया कि कैसे जीनोमिक्स आधारित समाधान स्वास्थ्य सेवाओं को व्यक्तिगत स्तर पर अधिक प्रभावी बना सकते हैं।
उन्होंने समझाया कि शोध लेखों और जर्नल्स का उपयोग कर मशीन लर्निंग व प्रिसिजन टेक्नोलॉजी से स्मार्ट खेती को कैसे बढ़ावा दिया जा सकता है। प्रतिभागियों ने विशेषज्ञों के विचारों से नई दिशा प्राप्त की और आने वाले दिनों में होने वाले सत्रों के प्रति उत्साह व्यक्त किया।