रेवाड़ी। जिले के सरकारी, एडेड और सेल्फ फाइनेंस महाविद्यालयों में स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया सोमवार को समाप्त हो गई। अधिकांश कॉलेजों में सीटों के मुकाबले कम आवेदन प्राप्त हुए हैं। कई पाठ्यक्रमों में सीटों का आधा हिस्सा भी नहीं भर पाया है।
ऐसे में अब कॉलेज प्रशासन को ओपन काउंसलिंग के जरिए सीटें भरने की उम्मीद है। खरखड़ा स्थित राजकीय महाविद्यालय में बीए की 320 सीटों के मुकाबले 146 आवेदन प्राप्त हुए हैं। बीकॉम में 160 सीटों पर 80 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है।
बीएससी (फिजिकल साइंस) में 80 सीटों के मुकाबले केवल 10 आवेदन पहुंचे हैं, जबकि बीएससी मेजर इन केमिस्ट्री में 40 सीटों पर 16 आवेदन मिले हैं। वहीं, कोसली स्थित राजकीय महाविद्यालय में बीए की 220 सीटों के मुकाबले 411 आवेदन प्राप्त हुए हैं।
बीकॉम में 80 सीटों पर 54 आवेदन आए हैं। बीएससी की 80 सीटों के मुकाबले 104 तथा 160 सीटों के मुकाबले 138 आवेदन प्राप्त हुए हैं। जिले के सरकारी महाविद्यालयों में बीए प्रथम वर्ष की 3,360 सीटें, बीएससी (फिजिकल साइंस) की 940 सीटें तथा बीकॉम की 1,080 सीटें उपलब्ध हैं।
आवेदन संख्या अपेक्षा से कम रहने के कारण उच्च शिक्षा निदेशालय ने पहले ही सीटों में बढ़ोतरी की थी, लेकिन इसका विशेष प्रभाव देखने को नहीं मिला।
17 जून तक आवेदन में कर सकेंगे संशोधन
विद्यार्थी अपने ऑनलाइन आवेदन पत्र में 17 जून तक सुधार कर सकेंगे। इसके बाद 22 जून तक दस्तावेजों का ऑनलाइन सत्यापन किया जाएगा। उसके बाद पहली प्रोविजनल मेरिट लिस्ट 26 जून को जारी की जाएगी, जबकि पहली फाइनल मेरिट लिस्ट 27 जून को प्रकाशित होगी। इस सूची में चयनित विद्यार्थी 28 जून से 1 जुलाई तक प्रवेश शुल्क जमा कर सकेंगे। दूसरे चरण में दूसरी प्रोविजनल मेरिट लिस्ट 2 जुलाई को जारी होगी और 3 जुलाई को फाइनल मेरिट लिस्ट प्रकाशित की जाएगी। इस सूची में चयनित विद्यार्थियों को 4 से 7 जुलाई तक फीस जमा कराने का अवसर मिलेगा। यदि पहली और दूसरी मेरिट सूची के बाद भी सीटें खाली रहती हैं तो उन्हें भरने के लिए 9 जुलाई से ओपन काउंसिलिंग शुरू की जाएगी। नए आवेदनों के लिए एडमिशन पोर्टल 10 जुलाई से दोबारा खोला जाएगा। इसके बाद 11 से 17 जुलाई तक 100 रुपये लेट फीस के साथ प्रवेश लिए जा सकेंगे। वहीं 18 से 24 जुलाई तक विद्यार्थियों को 100 रुपये लेट फीस के अतिरिक्त 100 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से अतिरिक्त शुल्क भी देना होगा।
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वर्जन :
विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य प्रवेश प्रक्रियाओं के चलते विद्यार्थियों की रुचि अपेक्षाकृत कम रही है। हर वर्ष की तरह इस बार भी बड़ी संख्या में विद्यार्थी ओपन काउंसलिंग के माध्यम से प्रवेश लेते हैं। ऐसे में अधिकांश सीटें ओपन काउंसलिंग के दौरान भरने की संभावना है।- दयावती,उप-प्राचार्या, राजकीय महाविद्यालय खरखड़ा।