संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। एक कंपनी में निवेश के नाम पर साइबर ठगी करने के मामले में साइबर थाना पुलिस ने उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के पिनाहाट निवासी ऋषि कुमार को गिरफ्तार किया है। मामले में दो आरोपी पहले गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
गांव बटोही निवासी अजीत कुमार ने 14 जनवरी को दर्ज कराई गई एफआईआर में कहा है कि गत वर्ष दिसंबर में उसके मोबाइल फोन पर एक कंपनी के एप का लिंक आया था। लिंक पर क्लिक करने के बाद एप इंस्टाल हो गया। उसे एक व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़ा गया।
इसके बाद एक कंपनी में निवेश करने पर अच्छा रिटर्न मिलने की जानकारी दी गई। झांसे में आकर उसने गत वर्ष 27 दिसंबर से इस साल 6 जनवरी तक आरोपियों के अलग-अलग खातों में 7 लाख 59 हजार 654 रुपये जमा करा दिए।
उसने यह राशि अपने व अपने पिता के बैंक खातों के साथ-साथ परिवार के पांच अन्य सदस्यों के खाते से ट्रांसफर कराई थी। जब उसने राशि निकालने का प्रयास किया तो उसे रकम वापस नहीं मिली। इसके बाद उसे साइबर ठगी का पता चला।
साइबर थाना पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर पंजाब के लुधियाना के हैबोवाल के मोहल्ला रंजोत पार्क निवासी पवन खुल्लर व लुधियाना के बस्ती जोधेवाल की शिमला कॉलोनी निवासी रोहित कालिया को गिरफ्तार किया था। पता चला कि आरोपी पवन ने अपनी पत्नी के नाम पर बैंक खाता खुलवाया था।
यह बैंक खाता उसने रोहित कालिया के जरिए कमिशन बेस पर साइबर ठगों को उपलब्ध कराया था। इस मामले में पुलिस ने ऋषि कुमार को भी गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ऋषि कुमार के खाते में 16 हजार 999 रुपये ट्रांसफर हुए थे। पुलिस ने ऋषि को दो दिन के रिमांड पर लिया है।