रेवाड़ी। भाजपा के नव-नियुक्त राष्ट्रीय मीडिया सह-संयोजक सिद्धार्थ यादव ने कहा कि मैं किसी का विकल्प बनने या किसी की लकीर छोटी करने नहीं आया हूं। मेरा लक्ष्य दक्षिण हरियाणा का चहुंमुखी विकास, युवाओं के लिए नए अवसर और अहीरवाल के सम्मान को राष्ट्रीय पटल पर मजबूती से स्थापित करना है।
सर्व समाज की ओर से रेवाड़ी में रविवार को आयोजित नागरिक अभिनंदन में अपने स्वागत से अभिभूत सिद्धार्थ यादव ने संबोधित किया। राजनीतिक हलकों में सिद्धार्थ के बयान को बिना किसी नेता का नाम लिए अपनी स्वतंत्र राजनीतिक भूमिका के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। दक्षिण हरियाणा की राजनीति में राव इंद्रजीत सिंह लंबे समय से प्रभावशाली चेहरा हैं।
ऐसे में सिद्धार्थ यादव का खुद को किसी का विकल्प नहीं बताना और साथ ही दक्षिण हरियाणा के विकास तथा अहीरवाल के सम्मान को राष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ाने की बात करना आने वाले समय में उनकी भूमिका को लेकर चर्चा का आधार बन गया है। हालांकि सिद्धार्थ यादव ने अपने संबोधन में किसी नेता के खिलाफ कोई टिप्पणी नहीं की।
कार्यक्रम से पहले सिद्धार्थ यादव अपने पैतृक गांव धामलावास पहुंचे और अपने पिता शहीद डिप्टी कमांडेंट सुखबीर सिंह यादव की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन किया। इसके बाद राजेश पायलट चौक से रोड शो निकाला गया।
गाजे-बाजे, देशभक्ति के नारों और हाथों में तिरंगा लिए युवा एवं समर्थक इसमें शामिल हुए। रोड शो डॉ. भीमराव अंबेडकर चौक होते हुए केएलपी कॉलेज पहुंचा, जहां पगड़ी और फूल-मालाओं से उनका स्वागत किया गया।
सिद्धार्थ यादव ने कहा कि राष्ट्रीय संगठन में मिली जिम्मेदारी रेवाड़ी की मिट्टी और लोगों के आशीर्वाद का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यहां के बुजुर्गों ने उन्हें गोद में खिलाया और अपनों ने अंगुली पकड़कर चलना सिखाया है। इसलिए यह सम्मान पूरे अहीरवाल के मान-सम्मान का सम्मान है।
उन्होंने कहा कि उनकी कोशिश ऐसी लंबी लकीर खींचने की है, जिससे आने वाली पीढ़ियों का भविष्य बेहतर हो। युवाओं के लिए नए अवसर पैदा करने और दक्षिण हरियाणा के विकास को नई गति देने को उन्होंने अपनी प्राथमिकता बताया।
उन्होंने विश्वास दिलाया कि संगठन के माध्यम से हरियाणा और दक्षिण हरियाणा की आवाज को राष्ट्रीय मंच पर तथ्यों और तार्किकता के साथ मजबूती से उठाते रहेंगे। कार्यक्रम में रेवाड़ी विधायक लक्ष्मण यादव, जिला अध्यक्ष वंदना पोपली, जिला प्रभारी मदनलाल गोयल, पूर्व मंत्री डॉ. बनवारी लाल मौजूद रहे।
डॉ. सुधा यादव के पुत्र हैं सिद्धार्थ यादव
सिद्धार्थ यादव भाजपा संसदीय बोर्ड की सदस्य रह चुकीं सुधा यादव के पुत्र हैं। अहीरवाल की मौजूदा राजनीति में उनकी राजनीतिक पृष्ठभूमि फिर चर्चा में है। डॉ. सुधा यादव हरियाणा भाजपा की प्रमुख महिला नेताओं में रही हैं। 1999 के लोकसभा चुनाव में उन्होंने महेंद्रगढ़ सीट से भाजपा प्रत्याशी के रूप में चुनाव जीतकर तत्कालीन कांग्रेस उम्मीदवार राव इंद्रजीत सिंह को हराया था। यह मुकाबला अहीरवाल की राजनीति में काफी चर्चित रहा। कारगिल युद्ध में पति डिप्टी कमांडेंट सुखबीर सिंह यादव के शहीद होने के बाद सुधा यादव राजनीति में सक्रिय हुईं। 1999 से 2004 तक सांसद रहने के बाद उन्होंने संगठन में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालीं।