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किसानों की मांगें 15 दिन में पूरी नहीं हुईं तो होगा आंदोलन : चढ़ूनी

Mon, 07 Sep 2026 11:31 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
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किसानों को संबोधित करते गुरनाम सिंह चढूनी। स्रोत : यूनियन
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रेवाड़ी। भारतीय किसान यूनियन चढ़ूनी के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने सरकार पर किसानों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुए कहा कि देश में बड़े-बड़े उद्योगपतियों के कर्ज माफ किए जा रहे हैं। भाकियू इसका विरोध करता है। सरकार को किसानों के कर्ज भी माफ करने चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि किसानों की मांगें 15 दिन में पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन किया जाएगा। वह गांव लोहाणा में सोमवार को आयोजित किसानों की पंचायत को संबोधित कर रहे थे।
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गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने कहा कि जब देश आजाद हुआ था तो उस समय गेहूं और सोने के भाव क्या थे और आज दोनों के दाम कहां पहुंच गए हैं, इसका सरकार को तुलनात्मक अध्ययन करना चाहिए। किसानों को उनकी फसल का लाभकारी मूल्य मिलना चाहिए, ताकि खेती घाटे का सौदा न बने।
उन्होंने कहा कि इस बार बाजरे की खरीद भावांतर योजना के तहत नहीं, बल्कि उचित भाव पर होनी चाहिए। उन्होंने किसानों से कहा कि वे अपने हक के लिए संगठित होकर आवाज उठाएं।
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उन्होंने किसानों को 25 नवंबर को पिपली में होने वाली किसान रैली का न्योता भी दिया। साथ ही चेतावनी दी कि किसानों की मांगों का समाधान नहीं हुआ तो संगठन आंदोलन का रास्ता अपनाएगा।
दक्षिणी जोन के अध्यक्ष रवि प्रकाश यादव ने कहा कि भाजपा नेता किसानों और मजदूरों की आवाज नहीं उठा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इससे पहले कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में किसानों के हित में कोई विशेष काम नहीं हुआ। अब किसानों को स्वयं संगठित होकर अपनी लड़ाई लड़नी होगी।
पंचायत में महेंद्रगढ़ के प्रधान अजीत सिंह, झज्जर की प्रधान ममता कादयान, रवि प्रकाश यादव, मनीषा, मुन्नी बूढ़पुर, करतार डहिना ब्लॉक प्रधान, धर्मवीर, सतबीर मास्टर, राजकुमार, राजेंद्र प्रसाद, कमल सिंह मास्टर, चरण सिंह खेड़ा, अनूप, लोकेश मौजूद रहे।

पंचायत के दौरान संगठन का विस्तार किया
संगठन के प्रधान समय सिंह ने बताया कि पंचायत के दौरान संगठन का विस्तार भी किया गया। दीपक धोकी और पूर्ण सिंह बावल को संगठन का सदस्य बनाया गया। किसानों ने बताया कि वर्ष 2023 के बाजरे की भावांतर राशि का भुगतान अभी तक नहीं हुआ है। किसानों ने अन्य मांगों को भी प्रशासन के समक्ष रखा। प्रशासन की ओर से बीडीओ कविता किसानों का ज्ञापन लेने पहुंची। उन्होंने कहा कि किसानों की सभी मांगों को सरकार तक पहुंचाया जाएगा। किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिन के भीतर समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो भारतीय किसान यूनियन चढ़ूनी की ओर से बड़ा ऐलान किया जाएगा।
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