रेवाड़ी। मंगलवार की रात ड्राइवर को गोली मारकर कार लूटने के आरोपियों को पुलिस ने कोर्ट से 5 दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। अजमेर के रहने वाले नेट-जेआरएफ पास देवांशु के पिता खनन कारोबारी हैं और मां अजमेर में सरकारी अध्यापिका हैं। रिमांड के दौरान पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर पुरानी हिस्ट्री का पता लगाने का प्रयास करेगी।
पुलिस ने दोनों आरोपियों को मंगलवार को ही गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने दोनों के पास से छीनी गई कार के अलावा 2 पिस्टल, 3 मैगजीन, जीपीएस ट्रैकर, जैमर और 4 मोबाइल फोन बरामद कर लिए हैं।
सोमवार-मंगलवार आधी रात ड्राइवर संजय को गोली मारकर कार, नकदी और मोबाइल छीनने वाला शुभम वर्मा अलीगढ़ और देवांशु अजमेर का रहने वाला है। देवांशु पीएचडी का छात्र है, शुभम नेट की तैयारी कर रहा है।
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए दोनों आरोपियों की हिस्ट्री खंगालने के लिए राजस्थान और यूपी पुलिस से संपर्क साध रही है। आरोपियों ने दिल्ली के युवक के माध्यम से सोमवार को जयपुर के लिए टैक्सी बुक की थी। पुलिस को मंगलवार सुबह 6 बजे वारदात की जानकारी मिली थी जिसके बहरोड से दोनों को पकड़ा गया था।
युवकों की आपस में पहचान करीब 6 साल पुरानी
युवकों की आपस में पहचान करीब 6 साल पुरानी है। वर्ष 2019 में दोनों दिल्ली में कंप्यूटर कोर्स करने गए थे। इसी दौरान दोनों की मुलाकात हुई। इसके बाद वह लोग फोन पर ही संपर्क में थे। अब करीब 20 दिन पहले ही आरोपी देवांशु ने शुभम को नौकरी की बात कहकर अजमेर बुलाया था। उसने कहा था कि उनके यहां माइन्स हैं जिनमें वह उसे जॉब लगवा देगा। अब दिल्ली घुमाने की कहकर साथ ले गया। कैब से लौट रहे थे और यह वारदात कर डाली।
देवांशु है वारदात का मास्टरमाइंड
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी देवांशु वारदात का मास्टरमाइंड है। उसने बताया कि उसे गाड़ी चाहिए थी इसलिए ऐसा कर डाला। वह चालक को मारना नहीं चाहते थे, इसलिए उसके दिल में दया आई और उसने चालक को कॉल करके पूछा था कि अस्पताल में पहुंच गया ना। ये तक कहा कि वह उसका इलाज करा देगा, पुलिस में रिपोर्ट मत करना।