दिल्ली-जयपुर हाईवे संख्या-8 पर अलग-अलग राज्यों के परमिट टैक्स काटने को लेकर बड़ा खेल चल रहा है। अवैध रूप से बनी दुकानों और खोखों में बैठकर एक गिरोह फर्जी रसीदें काट रहा है। इसका खुलासा दिल्ली से जयपुर जा रही एक बस के चालक द्वारा टैक्स कटवाने के बाद हुआ। बस को राजस्थान में पहुंचते ही आरटीओ ने पकड़ लिया और बस का चालान कर दिया। बस के मालिक ने अब गिरोह के सदस्यों के खिलाफ बावल थाना में धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया है।
पुलिस को दी शिकायत में गुरुग्राम के महावीरपुरा निवासी अविनाश पांडे ने बताया कि वह शांति बस सर्विस कंपनी में काम करता है। उसकी एक बस 18 अगस्त को दिल्ली एयरपोर्ट से सवारियों को भरकर जयपुर के लिए चली थी। रास्ते में हाईवे पर बावल के साबन चौक स्थित सीएनजी पंप के पास एक खोखे पर रुकी। यहां बस के ड्राइवर यूपी के हापुड़ निवासी कालू सिंह ने अपनी बस का राजस्थान जाने के लिए टैक्स कटवाया। ऑनलाइन टैक्स कटवाने के बाद उसे 8500 रुपये की रसीद भी दी गई। राजस्थान में जयपुर के पास पहुंचते ही बस को वहां के अधिकारियों ने रुकवा लिया। चालक कालू सिंह ने टैक्स से संबंधित रसीद दिखाई तो अधिकारियों ने साफ कर दिया कि रसीद फर्जी है और उसकी बस का कोई टैक्स नहीं कटा है। इसकी जानकारी बस चालक ने मालिक को दी। उसके बाद धोखाधड़ी का पता चला। कंपनी में काम करने वाले अविनाश पांडे देर शाम बावल थाना पहुंचे और टैक्स काटने वालों के खिलाफ धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज कराई। बावल थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 406, 420, 467, 468, 471 के तहत मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। बावल थाना प्रभारी मदनलाल ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, जल्द ही गिरफ्तार भी की जाएगी। वहीं हाईवे पर अन्य लोगों की भी जांच की जाएगी।