रेवाड़ी। भाड़ावास रोड स्थित एचपीसीएल प्लांट के पास कमालपुर निवासी जितेंद्र यादव की हत्या के मामले में पैसों के लेनदेन की बात सामने आ रही है। जितेंद्र ने अपने बचपन के दोस्त आरोपी प्रवीण को 20 से 25 लाख रुपये उधार दिए थे और वह लगातार रकम वापस मांग रहा था। आरोप है कि इसी विवाद में प्रवीण ने साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। एक महिला का भी हत्या की साजिश में शामिल होने का जिक्र आ रहा है।
प्रवीण मध्य प्रदेश के रतलाम में चल रही अपनी निर्माण साइट से कुछ दिन पहले ही लौटा था। इसके बाद जितेंद्र ने उससे दोबारा रुपये मांगे। आरोप है कि सोमवार शाम को प्रवीण अपनी काली थार में जितेंद्र को साथ ले गया। बाद में एचपीसीएल प्लांट के पास रॉड से हमला कर उसकी हत्या कर दी गई। वारदात सीसीटीवी कैमरे में भी कैद होने की बात सामने आई है। जितेंद्र ने एक प्लॉट भी बेचा था जिसके बाद प्रवीण को रुपए उधार दिए थे।
जितेंद्र अपना डेयरी का कारोबार बढ़ाना चाहता था, जिसके बाद से ही पैसे वापस मांग रहा था। अभी प्रवीण का काम मध्य प्रदेश के रतलाम में चल रहा है। पिछले हफ्ते ही वहां से लौटा था। जितेंद्र मर्डर मामले में शामिल दूसरा आरोपी भी कमालपुर गांव का ही बताया जा रहा है। बीजेपी के मंडल अध्यक्ष रह चुके मृतक के चाचा उत्तम सिंह का कहना है कि हत्या की वजह क्या हो सकती है, पुलिस की जांच के बाद ही पता चल सकेगा।
मॉडल टाउन थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बताया कि शिकायत में पैसों के लेनदेन का उल्लेख नहीं है। पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही हत्या की वजह स्पष्ट होगी।