वाड़ी। विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच और नवाचार की भावना विकसित करने के उद्देश्य से संचालित इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना के तहत जिले में सोमवार तक 850 आवेदन प्राप्त हुए हैं। मंगलवार को योजना के तहत आवेदन करने की समय सीमा समाप्त हो गई। योजना के तहत विद्यार्थियों को विज्ञान एवं तकनीक से जुड़े अपने नवाचार प्रस्तुत करने का अवसर दिया जाता है।
योजना में चयनित विद्यार्थियों को 10 हजार रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी। यह राशि विद्यार्थियों के बैंक खातों में सीधे भेजी जाएगी। इसके अलावा चयनित विद्यार्थियों को जिला, राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर अपने नवाचार मॉडल प्रस्तुत करने का अवसर मिलेगा। राष्ट्रीय स्तर पर चयनित सर्वश्रेष्ठ 60 विद्यार्थियों को राष्ट्रपति की ओर से सम्मानित किया जाएगा।
इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को विज्ञान, तकनीक और अनुसंधान के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना है। पहले यह योजना छठी से 10वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के लिए सीमित थी।
सत्र 2025-26 से 11वीं और 12वीं कक्षा के विद्यार्थियों को भी इसमें शामिल किया गया है। इससे स्कूल स्तर पर अधिक विद्यार्थियों को अपने नए विचार और नवाचार सामने रखने का अवसर मिल रहा है।
योजना के तहत प्रत्येक स्कूल को अपने स्तर पर अधिकतम पांच बेहतरीन नवाचारों का चयन कर उन्हें निर्धारित फॉर्मेट में पोर्टल या मोबाइल एप के माध्यम से अपलोड करना अनिवार्य है। अधिकारियों के अनुसार विद्यार्थियों के नवाचारों को प्रोत्साहित करने से उनमें समस्या समाधान की क्षमता के साथ वैज्ञानिक दृष्टिकोण भी विकसित होगा।
पिछले वर्ष चयनित हुए थे 30 नवाचार पिछले वर्ष जिले के 30 विद्यार्थियों के नवाचार राज्य स्तर पर चयनित हुए थे। इन नवाचारों में समाज की समस्याओं का समाधान और भविष्य को नई दिशा देने वाले विचार शामिल थे। चयन के बाद सभी को 10 हजार रुपये की पुरस्कार राशि भी प्रदान की गई थी।
वर्जन:
इंस्पायर अवॉर्ड मानक योजना विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच और नवाचार की भावना विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। स्कूलों को निर्धारित मानकों के अनुसार विद्यार्थियों के बेहतर नवाचार पोर्टल पर अपलोड करने के लिए प्रेरित किया गया है। चयनित विद्यार्थियों को पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी, जिससे उनका उत्साह बढ़ेगा।- रेनू यादव, जिला विज्ञान विशेषज्ञ, रेवाड़ी।