एनएच-48 पर लगा जाम। स्रोत : स्थानीय नागरिक
धारूहेड़ा। राष्ट्रीय राजमार्ग-48 पर भारी वाहनों, ओवरलोड ट्रकों, रॉन्ग साइड ड्राइविंग और पीक आवर्स में जाम लगने का मामला मानवाधिकार आयोग तक पहुंच गया है। आयोग ने मामले का संज्ञान लेते हुए रेवाड़ी के पुलिस अधीक्षक से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।
शिकायत भेजकर धारूहेड़ा क्षेत्र में भारी एवं ओवरलोड वाहनों की आवाजाही, रॉन्ग साइड ड्राइविंग और यातायात नियमों की अनदेखी से आए दिन जाम लगने का मुद्दा उठाया गया था। इसमें सुबह-शाम पीक आवर्स में स्थिति अधिक खराब होने की बात कही गई थी।
शिकायत के अनुसार जाम के कारण एंबुलेंस, स्कूल बसों, नौकरीपेशा लोगों और रोजाना आवागमन करने वाले लोगों को परेशानी होती है। साथ ही रॉन्ग साइड और भारी वाहनों के कारण दुर्घटनाओं का खतरा भी बना रहता है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए आयोग के सदस्य दीप भाटिया की पीठ ने रेवाड़ी एसपी से रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट में ओवरलोडिंग, रॉन्ग साइड ड्राइविंग और जाम रोकने के लिए अब तक की गई कार्रवाई और आगे की व्यवस्था की जानकारी देने के निर्देश हैं।
मामले की अगली सुनवाई 7 दिसंबर को गुरुग्राम स्थित नए पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में बने कैंप कोर्ट में होगी। आयोग की कार्रवाई के बाद एनएच-48 की यातायात व्यवस्था और जिम्मेदार विभागों की जवाबदेही पर भी नजर रहेगी।
एनएच-48 पर लगा जाम। स्रोत : स्थानीय नागरिक