रेवाड़ी। शहर स्थित तहसील में मंगलवार को करीब 26 रजिस्ट्रियां हुईं। इतनी ही रजिस्ट्री करने में पूरा दिन निकल गया। दरअसल, नए कलेक्टर रेट जारी होने के बाद व्यवस्था बदल गई है। अभी सर्वर काफी धीमा चल रहा है। ऐसे में रजिस्ट्री कराने आए लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही यह समस्या दूर हो जाएगी। इससे पहले रोजाना 35 से 40 रजिस्ट्री शहर स्थित तहसील में होती थी। व्यवस्था बनने में अभी दो-तीन दिनों का समय और लगेगा। गौरतलब है कि 1 दिसंबर से नए कलेक्टर रेट लागू हो चुके हैं। हर साल अप्रैल से कलेक्टर रेट लागू होते थे। इस बार भी अप्रैल में रिवाइज रेट लागू होने थे, लेकिन चुनावों के कारण आचार संहिता लगने से लागू नहीं हो पाए थे। आचार संहिता हटने पर जिलों से रिवाइज कलेक्टर रेट के प्रस्ताव राजस्व विभाग को भेजे गए थे, फिर विधानसभा चुनाव आ गए और फिर रेट नहीं बढ़ सके। अब विस चुनाव के बाद सरकार ने नए प्रस्तावित रेट को मंजूरी दे दी है।
10 से 20% बढ़े रेट:
हाईवे मेजर रोड- लिंक रोड के साथ लगते गांव में 10 से 15 प्रतिशत, शहर में व्यावसायिक जमीनों पर 10 से लेकर 20 प्रतिशत, निवासीय जमीनों पर 10 से लेकर 15 प्रतिशत तक की वृद्धि कलेक्टर रेट में हुई है। झज्जर रोड पर सर्कुलर रोड से रेलवे फाटक तक 10 से 20 प्रतिशत, धारूहेड़ा चुंगी से दिल्ली रोड पर स्टेडियम सड़क के दोनों और 10 से 20 प्रतिशत, नई सब्जी मंडी से पुरानी सब्जी मंडी तक 10 से 20 तक बढ़ोतरी के कलेक्टर बढ़े हैं। बावल रोड पर सर्कुलर रोड से महाराणा प्रताप चौक तक और सर्कुलर रोड सड़क के साथ नारनौल रोड चौक से वाया बस स्टैंड तक 10-15 प्रतिशत बढ़ोतरी की गई है। यह सभी व्यवसायिक रेट प्रति वर्ग गज के हिसाब से हैं।