खोल। रेवाड़ी-कनीना रेलमार्ग स्थित बालावास अहीर को जाने वाले रास्ते पर बना अंडरपास ग्रामीणों को परेशानी का सबब बन गया है। अंडरपास से होकर लगभग आधा दर्जन गांवों के लोगों का आना-जाना होता है। सोमवार को हुई बरसात से कारण अंडरपास में करीब चार फुट पानी जमा हो गया, जिससे लोगों को आवागमन बाधित हो गया। कई बाइक सवार पानी के कारण दुर्घटनाग्रस्त हो चुके है।
ग्रामीण महेन्द्र सिंह, सुंदरलाल, प्यारेलाल, अजीत सिंह, अजय कुमार व रणवीर सिंह आदि ने बताया कि बालावास अहीर के पास बना अंडरपास सुविधा के लिए बना था, लेकिन यह अंडरपास लोगों के लिए दुविधा बन गया है। जब बरसात होती है तो इस अंडरपास में पानी जमा हो जाता है, जो सूखने में 10 से 15 दिन लग जाते है। अगर ज्यादा बरसात हो जाए तो अंडरपास पानी से पूरी तरह भर जाता है, क्योंकि अंडरपास में पानी की निकासी के लिए कोई जमीनी बोरवेल नहीं खोदा गया है। अंडरपास से गांव लाखनोर, बुढ़पुर, किशनगढ़, बालावास, कालूवास, चांदावास आदि के गांवों के लोगों को आना-जाना होता है। अब अंडरपास में पानी खड़ा होने से लोग चक्कर लगा कर सड़क पर आते है। अनेक बाइक सवार गिर चुके है। ग्रामीणों ने रेलवे विभाग से अंडरपास में पानी की निकासी की गुहार की है, ताकि बरसात के दिनों में इसमें पानी न ठहरे और लोग परेशान न हो।