फोटो: 03 - योजना की पारदर्शिता से क्रियान्वयन के लिए उपायुक्त ने की अधिकारियों के साथ बैठक
योजना के तहत विभिन्न श्रेणियों के 2380 लोगों ने किए आवेदन
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। हरियाणा सरकार ने गरीब और बेसहारा लोगों को आवास सुविधा उपलब्ध कराने के लिए मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना का क्रियान्वयन किया है। योजना के तहत रेवाड़ी जिले के विभिन्न खंडों के सात गांवों को चयनित किया गया है।
इस संबंध में बुधवार को उपायुक्त अभिषेक मीणा ने जिला विकास एवं पंचायत विभाग के तहत जिलास्तरीय कमेटी की समीक्षा बैठक की। उपायुक्त ने बताया कि रेवाड़ी जिले के सात गांवों के लिए विधवा, अनुसूचित जाति तथा अन्य वर्ग से 2380 नागरिकों ने आवेदन किया है। इनका मौके पर जाकर सर्वेक्षण कर लिया गया है। जल्द ही आवेदनकर्ताओं का अंतिम सत्यापन किया जाएगा। इसके उपरांत आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उपायुक्त ने बताया कि रेवाड़ी जिले के इन सात गांवों में से गांव डोहकी से कुल 178, गोकलगढ़ से 626, गोठड़ा टप्पा डहीना से 313, नंदरामपुर बास से 654, रतनथल से 160, प्राणपुरा से 224 तथा शेखपुर से 225 आवेदनकर्ताओं ने अपने आवेदन दिए हैं। बैठक में उपायुक्त ने सभी खंड विकास एवं पंचायत अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे सत्यापन के कार्य को पूर्ण पारदर्शिता के साथ करें, ताकि, वास्तविक जरूरतमंदों को योजना का लाभ दिया जा सके।
गौरतलब है कि हरियाणा सरकार ने राज्य के गरीब परिवारों के अपने घर का सपना साकार करने के लिए एक बड़ी पहल की है। मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत सरकार जमीन से वंचित सभी योग्य प्रार्थियों को 100 वर्ग गज के प्लॉट देगी। इसी तरह, मुख्यमंत्री शहरी आवास योजना के तहत भी विभिन्न जिलों में आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के लिए फ्लैट्स का आवंटन किया जाएगा। योजना के क्रियान्वयन से गरीब परिवारों के जीवन स्तर में सुधार होगा और वे अपना घर बनाकर सुरक्षित व सम्मानित जीवन जी सकेंगे।
बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त अनुपमा अंजलि, जिला राजस्व अधिकारी प्रदीप देशवाल, जिला परिषद के डिप्टी सीईओ अंकित चौहान तथा एलडीएम राजीव रंजन सहित विभिन्न खंडों के विकास एवं पंचायत अधिकारी व अन्य कर्मचारी उपस्थित थे।