पानीपत। मंडियों में फैले गेहूं के उठान को लेकर प्रशासन गंभीर हो गया है। इसको तेज करने के साथ रविवार को जिले की मंडियों में गेहूं की आवक बंद रहेगी। प्रशासन का दावा है कि दो दिन में गेहूं उठान का कार्य 60 प्रतिशत तक पूरा कर लिया जाएगा। इसके बाद उठान को और गति दी जाएगी। इससे किसानों को मंडियों में गेहूं उतारने में किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी। वहीं मौसम के लगातार करवट लेने से हर किसी की चिंता बनी हुई है। किसान गेहूं कटाई का कार्य जल्दी कर मंडियों में बेचने को तैयार हैं। मंडियों में रविवार को आवक बंद करना प्रशासन की लापरवाही बताया है।
शुक्रवार शाम को कुछ क्षेत्र में हल्की बारिश के बाद शनिवार को गेहूं कटाई का कार्य देरी से शुरू हुआ। समालखा व मतलौडा के कई गांवों में शाम को कटाई कार्य शुरू किया। कंबाइन चलने के बाद मंडियों में गेहूं की आवक भी बढ़ी। मंडियों में बारिश के चलते काफी गेहूं भीगने के चलते खरीद कार्य भी शनिवार को करीब दोपहर के समय शुरू किया। मंडियों में करीब 1.72 लाख मीट्रिक टन गेहूं की आवक हुई। इसमें
गेहूं की खरीद 160292 एमटी और 75372 एमटी गेहूं का उठान किया गया है।
मुख्य सचिव ने वीसी पर ली बैठक
मुख्य सचिव टीवीएसएन प्रसाद ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर उपायुक्त के साथ गेहूं व सरसों की आवक, खरीद व लिफ्टिंग की जानकारी ली और कुछ जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने उपायुक्त को लिफ्टिंग के कार्य में और गति देने के निर्देश दिए। मुख्य सचिव ने रविवार को सभी अनाज मंडियों को बंद करने के निर्देश दिए। उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने मुख्य सचिव आश्वस्त किया की लिफ्टिंग के कार्य को गति दी जा रही है। रविवार को सभी मंडियों को बंद करने के निर्देश दिए जा चुके हैं। जिले में 12 मंडी हैं। अगले दो दिनों में लिफ्टिंग का कार्य 60 प्रतिशत से ज्यादा हो जाएगा। अब तक मंडियों में 40 प्रतिशत लिफ्टिंग का कार्य हुआ है। लिफ्टिंग के कार्य में तेजी लाई जा रही है। इसको लेकर आढ़तियों के साथ बैठक की जा रही है।
उपायुक्त ने बताया कि सरसो की अब तक 4350 मीट्रिक टन खरीद हो पाई है। इस मौके पर एसडीएम पानीपत, मनदीप, एसडीएम समालखा अमित कुमार, एसडीएम इसराना ज्योति मित्तल, सीटीएम टीनू पोसवाल , डीएफएससी आदित्य कौशिक, मार्केटिंग बोर्ड डीएमईओ महावीर, हैफैड डीएम किरपाल ,एचएसडब्ल्यूसी सुमन टीए व एफसीसीआई क्वालिटी कंट्रोल मैनेजर जयवीर सिंह मौजूद रहे।
प्रशासन की लापरवाही किसान भुगत रहा
भाकियू के नेता हरेंद्र राणा ने बताया कि प्रशासन ने मंडियों में गेहूं उठान पर पहले ध्यान नहीं दिया। अब गेहूं की आवक तेज हो गई है। किसान मौसम को देखते हुए अपनी फसल का कटाई कार्य समय पर पूरा करना चाहता है। ऐसी स्थिति में गेहूं खरीद कार्य बंद करना गंभीर विषय है। प्रशासन को खरीद बंद करने की बजाय उठान में तेजी लानी चाहिए।
114 करोड़ की पेमेंट
प्रशासन गेहूं उठान के साथ किसानों के खातों में पैसे डाल रहा है। अब तक गेहूं उत्पादक किसानों को 114 व 27 करोड़ रुपये की सरसों की पेमेंट की गई है। मंडियों में किसानों की सभी प्रकार की सुविधाओं का ध्यान रखा जा रहा है।