समालखा के पैराडाइज स्कूल से 9 और 10 जनवरी को लीक हुए ग्राम सचिव के पेपर लीक मामले में एसआईटी ने दिल्ली और डिकाडला से दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें पैराडाइज स्कूल का प्रिंसिपल देशबुंध पुत्र सुल्तान सिंह निवासी गांव डिकाडला और दिल्ली के उत्तम नगर का निवासी दीपक शामिल हैं। पुलिस इन दोनों को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेगी। पुलिस इस मामले में 19 आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। अब कुल 21 आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं।
पुलिस की पूछताछ में यह सामने आया है कि दिल्ली निवासी दीपक पूरे मामले के मास्टरमाइंड नरेश, रोहतक के दीपक और पुष्पेंद्र के संपर्क में था। दीपक ने करोलबाग दिल्ली से वॉकी टॉकी और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण खरीदकर पुष्पेंद्र को दिए थे। ये उपकरण अत्याधुनिक थे। पुलिस दीपक की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापामारी कर रही थी। वीरवार को इसको दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं पुलिस ने पैराडाइज स्कूल के प्रिंसिपल देशबंधु को भी मामले में शामिल पाया गया है। देशबंधु ने ही स्कूल के मालिक जगदीप के कहने पर गांव सिवाह के राजेश का चपरासी का आईडी कार्ड बनाया था, ताकि राजेश परीक्षा केंद्र में पानी या चाय देने के बहाने आ-जा सके और पेपर को लीक कर सके। प्रिंसिपल देशबंधु को इस मामले की पूर्ण जानकारी थी। वह स्कूल मालिक जगदीप के निर्देशों पर काम कर रहा था।
इस मामले में अभी 6 परीक्षार्थी समेत 12 आरोपी और होंगे गिरफ्तार
पुलिस छह परीक्षार्थियों समेत 12 आरोपियों की धरपकड़ के लिए अब भी छापामारी कर रही है। छह परीक्षार्थी वे बताए जा रहे हैं जिन्होंने 9 जनवरी को आंसर सीट मिलने के बाद पेपर दिया था। इन्होंने सरगना, जगदीप, नरेश व दीपक से 7 से 10 लाख रुपये में डील की थी। मामले के मुख्य सरगना रोहतक का दीपक और मतलौडा का नरेश अभी फरार हैं।
दो और आरोपी गिरफ्तार, अब भी छापामारी जारी: एएसपी
पुलिस अब तक इस मामले में 21 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापामारी की जा रही है। इसमें कई परीक्षार्थी भी गिरफ्तार होंगे।
- पूजा वशिष्ठ, एएसपी पानीपत।