मतलौडा। मतलौडा स्थित वेयरहाउस में रखा हजारों क्विंटल गेहूूं दिन प्रतिदिन खराब हो रहा है। विभागीय अधिकारी गेहूं खराब होने का कारण बरसाती पानी बता रहे हैं। जबकि चर्चाएं हैं कि वेयरहाउस के कई कर्मचारी अनाज का वजन बढ़ाने के लिए खुद ही पानी छिड़क देतेे हैं।
वर्ष 2012-13 में वेयर हाउस के गोदाम में गेहूं के चट्ठे लगाए थे।
इनकी देखरेख के लिए हजारों की दवाओं का छिड़काव किया था। लेकिन इसके बावजूद गोदाम में रखा गेेहूं नमी के कारण खराब हो रहा है। भीगे गेहूं के दाने काले हो चुके हैं और गेहूं के कट्टे गल चुके हैं।
चर्चा है कि गोदाम में रखे कट्टों पर पानी छिड़का जाता है। कई ऐसे कट्टे मौके पर देखने को मिले हैं, जिनमें गेहूं काफी कम था। मगर वजन लगभग पूरा था। कारण गीला होने के कारण उसका वजन पूरा आ रहा था। गोदाम में मौजूद एक कर्मचारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि गेहूं के 25 हजार कट्टे नरेला भेजे हैं। लेकिन गेहूं खराब होने की बात पर चुप्पी साध ली। अगर इस मामले की गहन जांच की जाए तो भारी अनियमितता सामने आ सकती है।
वर्जन
गोदाम में बारिश का पानी घुस जाने से गेहूं खराब हो गया। इसमें हमारी कोई गलती नहीं है।
राजेश्वर, मैनेजर, वेयरहाउस, मतलौडा