समालखा। समालखा रैन बसेरे का बुरा हाल है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पिछले दो दिनों से हुई बूंदाबांदी के चलते छत टपक रही है। वही अंदर जगह-जगह गहरे गड्ढे व दोनों शौचालय की हालत बेहद खस्ताहाल बनी हुई है। रंग रोगन साफ सफाई का बुरा हाल है। नगरपालिका की ओर से आज तक कोई व्यवस्था नहीं की गई। जिससे कड़ाके की ठंड के चलते रात बिताने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
रविवार को विधायक मनमोहन भड़ाना निजी सचिव धर्मेंद्र चौधरी ने मामले को नगर पालिका सचिव को हालात से अवगत कराते हुए समाधान करवाने को कहा। साठ हजार की आबादी वाले समालखा शहर में एक रैन बसेरा है। जिसमें रात बिताने वालों की संख्या बढ़ती चली गई। मामला नगर पालिका सचिव के पास पहुंचने के बाद सचिव ने रैन बसेरे का निरीक्षण किया और अधिकारियों व कर्मचारियों को समाधान करने के दिशा निर्देश दिए लेकिन उन्होंने इस मामले में मात्र खानापूर्ति की। कई दिन पहले जिला परियोजना अधिकारी राकेश कादियान ने रैन बसेरे का जायजा लिया और खामियां पाए जाने पर सचिव व जेई को समाधान करवाने को कहा जिसकी हालत में कोई सुधार देखने को नहीं मिला उल्टा पिछले दो दोनों से हुई बूंदाबांदी के चलते रैन बसेरे की छत लीकेज होने के कारण पानी टपक रहा है पार्षद मनीष बेनीवाल की ओर से वितरित किए गए कंबल व गद्दों को एक तरफ रखा गया है जिनका अभी तक इस्तेमाल नहीं किया गया।