असंध रोड पुल के नीचे व आसपास के एरिया की सड़कों को बार-बार उखाड़ा जा रहा है। इन सड़कों को कभी टेलीफोन लाइन के नाम पर तो कभी इंटरनेट या सीवर-पानी की लाइन के नाम पर उखाड़ दिया गया है। अब से पहले एक सड़क 5-5 बार उखाड़ी जा चुकी है। हैरानी की बात तो ये है कि एक बार सड़क उखाड़ने के बाद इस सड़क के गड्ढों को दोबारा लोगों को ही भरना पड़ता हैै। बारिश में गड्ढों में बरसाती पानी भर जाता है और रात के समय अंधेरा होने पर गड्ढे नजर नहीं आते हैं। इससे आने जाने वाले राहगीरों को काफी परेशानी होती है। कई बार लोग इनमें गिरकर चोटिल तक हो चुके हैं।
स्थानीय लोगों ने इनका कई बार विरोध भी किया, लेकिन प्राइवेट एजेंसी या निगम अधिकारी काम नहीं रुकवा पाए। अब सड़क की खोदाई करने वाली मशीन ही खराब हो गई है, जिससे काम बंद पड़ गया है, लेकिन लोगों की परेशानी कम नहीं हुई है। इसे लेकर अमर उजाला टीम ने शनिवार को एरिया का निरीक्षण किया और लोगों से बातचीत भी की।
असंध रोड पुल के नीचे रहने वाले लोगों से बातचीत
कई बार उखाड़ी सड़क, बनाने वाला कोई नहीं : दानिश
इस सड़क को कई बार उखाड़ा जा चुका है। कभी टेलीफोन लाइन तो कभी इंटरनेट केबल बिछाई जा रही है। उखाड़ने के बाद सड़क को दोबारा बनाने वाला कोई नहीं आता।
सड़कों पर बने गड्ढे : मुकेश
सड़क उखाड़ने से अब यहां गड्ढे बन चुके हैं। इससे लोगों को आने जाने में काफी परेशानी होती है। कई बार लोग यहां गिर भी चुके हैं, लेकिन इसका समाधान नहीं हुआ है।
बरसात में भरता है पानी : संजय
बारिश के मौसम में यहां पानी भर जाता है। इससे भी लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। पानी में गड्ढों का पता ही नहीं चलता और लोग इनमें गिर जाते हैं।
रात के समय होती है दिक्कत : राजू मिस्त्री
रात के समय अंधेरा होने के कारण लोगों को गड्ढे नजर नहीं आते हैं। इससे कई बार लोग यहां गिरकर चोटिल हो चुके हैं। खुद ही इन गड्ढों को भरना पड़ता है।
हमेशा टूटी रहती है सड़क : प्रमोद
यह सड़क हमेशा टूटी ही रहती है। बनने के बाद से लेकर अब तक कई बार उखाड़ी जा चुकी है। सड़क का लेवल तक खराब हो चुका है। लोगों के लिए परेशानी बन रही है।
अब बंद हुआ काम : रणबीर
जब से मशीन खराब हुई है तब से काम बंद हुआ है। मशीन बंद होने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली है। लेकिन ये नहीं पता कि कब ये सड़क को दोबारा उखाड़ना शुरू कर देंगे।
आने जाने वाले सभी परेशान : हसंराज
सड़क के उखाड़ने के बाद बने गड्ढों को कोई भरने नहीं आता। खुद ही इन गड्ढों में मिट्टी डालनी पड़ती है। टूटी और उखड़ी पड़ी सड़क से राहगीरों को परेशानी होती है।
निगम हो रहा नुकसान, पब्लिक के लिए परेशानी : किश्नलाल
बार बार सड़क बनाने और उखाड़ने से नगर निगम को तो नुकसान हो ही रहा है, साथ में इससे लोगों को भी परेशानी हो रही है। घर और दुकानों के सामने खुद ही मरम्मत करवानी पड़ रही है।
रोज होते हैं हादसे : बंसीलाल
यहां लोग रोज गिर कर चोटिल होते हैं। गड्ढ़े अब भर चुके हैं, लेकिन इसके बाद भी मिट्टी अंदर ढहने का डर बना रहता है। घरों के सामने खुले गड्ढे मुसीबत से कम नहीं हैं।
ये मामला संज्ञान में नहीं है। मौके पर निगम कर्मचारियों को भेजकर पूरे मामले की पड़ताल की जाएगी। अगर निगम के संज्ञान के बिना कोई काम मिला या निगम के विकास कार्यों का नुकसान हुआ है या लोगों को परेशानी हुई है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
-नवीन सहरावत, एक्सईएन, नगर निगम, पानीपत।