माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। शुभांगन सोसाइटी में मूलभूत सुविधाओं के अभाव और बिल्डर की मनमानी के खिलाफ लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। वीरवार को सोसाइटी कार्यालय के बाहर वे धरने पर बैठ गए। आरोप है कि बिजली शुल्क और मेंटेनेंस राशि वसूलने के बावजूद उन्हें बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं।
आरडब्ल्यूए प्रतिनिधि आरएस सहरावत ने बताया कि लोगों ने 4 दिसंबर 2024 से सोसाइटी में रहना शुरू किया था, लेकिन तब से अब तक उन्हें मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है। कई बार बिल्डर और प्रबंधन से शिकायत करने के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं किया गया। अब निवासियों ने लिखित रूप से बिल्डर को शिकायत देने के साथ प्रशासनिक अधिकारियों से भी हस्तक्षेप की मांग की है।
90 परिवारों पर डाला गया मेंटेनेंस का पूरा बोझ : निवासियों का आरोप है कि सोसाइटी में कुल 225 फ्लैट हैं, जबकि वर्तमान में करीब 90 परिवार रह रहे हैं। बिल्डर ने पूरे परिसर के रखरखाव का खर्च इन्हीं 90 परिवारों पर डाल रखा है। लोगों का कहना है कि वे नियमित रूप से मेंटेनेंस शुल्क और बिजली के अग्रिम भुगतान कर रहे हैं, लेकिन सुविधाओं के नाम पर उन्हें कुछ भी नहीं मिल रहा।
उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी निवासी समस्याओं को लेकर प्रबंधन के साथ बैठक की मांग करते हैं या आवाज उठाते हैं, तो बिना किसी पूर्व सूचना के बिजली आपूर्ति बाधित कर दी जाती है।
फाइल चोरी के आरोप पर महिलाओं से मांगी लिखित माफी : आरएस सहरावत ने बताया कि बिल्डर ने प्रोजेक्ट को हरेरा से मंजूरीशुदा बताकर फ्लैट बेचे थे, लेकिन अब समस्याओं के समाधान से बच रहा है। हाल ही में विवाद उस समय बढ़ गया, जब सोसाइटी कार्यालय की चाबी निवासियों के पास होने के कारण प्रबंधन के कुछ अधिकारियों ने महिलाओं पर कार्यालय से फाइल चोरी करने का आरोप लगा दिया।