पानीपत। थाना शहर में तैनात एक थानेदार के साथ वधावाराम कॉलोनी में रात को कुछ लोगों और महिलाओं ने मारपीट कर दी। कॉलोनी के लोगों ने थानेदार पर रात को घर में घुसने का आरोप लगाया है।
पुलिस की सफाई है कि थानेदार गश्त के दौरान लड़ाई झगड़े की सूचना पाकर कॉलोनी में पहुंचे थे। पुलिस की रात को किसी के घर दबिश देने के मामले में पिछले एक पखवाडे़ में यह दूसरी बार फजीहत है।
इससे पहले सुरेंद्र रेवड़ी के घर रेड पर गई पुलिस पार्टी विरोध करने पर बच निकली थी। थाना शहर पुलिस ने इस मामले में दो पुरुषों और महिलाओं समेत आधा दर्जन पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस ने एक महिला समेत तीन आरोपियों को काबू कर लिया है और बाकी आरोपियों को जल्द ही काबू करने का दावा किया है।
मामला बीती रात का है। थाना शहर में तैनात सब इंस्पेक्टर अनिल कुमार के साथ वधावाराम कॉलोनी में कुछ महिलाओं और पुरुषों ने मारपीट कर दी और वर्दी तक फाड़ने का प्रयास किया। सब इंस्पेक्टर अनिल कुमार ने इसकी सूचना थाना शहर पुलिस को दी। इसके बाद थाना शहर से भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा।
पुलिस को आता देख कुछ लोग इधर-उधर भाग गए। थाना शहर पुलिस ने अनिल कुमार की शिकायत पर वधावाराम कॉलोनी निवासी मनोज और उसकी पत्नी विनोद शर्मा निवासी काबूल और तीन-चार अन्य महिलाओं के खिलाफ मारपीट व सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस ने मनोज, उसकी पत्नी व विनोद शर्मा को गिरफ्तार कर लिया और कोर्ट में पेश कर दिया। पुलिस ने बाकी आरोपियों की धरपकड़ तेज कर दी है। पुलिस का कहना-झगड़े की सूचना थी
पुलिस की माने तो बीती रात को ओमप्रकाश नाम का एक व्यक्ति थाने में आया था। उसने वधावाराम कॉलोनी में झगड़ा होने की सूचना दी थी। पुलिस का कहना है कि पीएसआई अनिल कुमार गश्त पर थे और वे सूचना मिलते ही मौके पर पहुंच गए। यहां पर लोगों ने उनके साथ हाथापाई करनी शुरू कर दी। उनके विरोध करने पर मारपीट कर दी।
रात को घर में घुसने पर जताया विराध
कॉलोनीवासियों ने थानेदार और पुलिस पर अनदेखी बरतने के आरोप लगाए हैं। बताया जा रहा है कि लोगों ने थानेदार का रात के समय घर में घुसने पर विरोध जताया था। आरोप है कि थानेदार ने अपना रौब दिखाना शुरू कर दिया। जिस पर मामला बिगड़ गया और कॉलोनीवासी उग्र हो गए। इसको लेकर देर रात तक हंगामा मचा रहा।
पहले भी हो चुकी है फजीहत
पुलिस रात को रेड मारने में भाजपा नेता एवं यार्न उद्यमी सुरेंद्र रेवड़ी के मामले में फजीहत झेल चुकी है और पुलिस की गर्दन पर लिपटा कार्रवाई के नाम का सांप अब तक नहीं उतर सका है।
पुलिस 19 जुलाई शनिवार को मारपीट और जान से मारने की धमकी देने के मामले में आरोपी सुरेंद्र रेवड़ी को गिरफ्तार करने गई थी। तीन पुलिसकर्मी दीवार फांदकर घर में घुस गए थे। आरोप है कि इसके बाद दो पुलिसकर्मी दरवाजा खुलवाकर अंदर घुस गए। उन्होंने चौकीदार के साथ मारपीट की और परिवार के सदस्यों के साथ बदतमीजी की।
इसको लेकर शहरभर के उद्यमी व व्यापारी एकजुट हो गए थे। लोगों ने पुलिसकर्मियों की कार्रवाई गलत ठहराया था और पुलिसकर्मियों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग की थी। सुरेंद्र रेवड़ी का परिवार आईजी से भी मिला था। बाद में आईजी ने इसकी जांच बहादुरगढ़ डीएसपी सुमित कुमार को सौंप दी थी।
इसके बाद भी उद्यमियों ने शहर में जुलूस निकाला था और डीएसपी को भी मामले में शामिल करने की मांग की थी। डीएसपी बहादुरगढ़ इस मामले की जांच कर रहे हैं।
थाना शहर पुलिस में एक व्यक्ति ने वधावाराम कॉलोनी में झगड़ा होने की सूचना दी थी। सब इंस्पेक्टर अनिल कुमार गश्त पर थे और सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे थे। वहां पर उनके साथ कुछ लोगों ने हाथापाई कर दी। थाना पुलिस ने इसमें मुकदमा दर्ज कर एक महिला समेत तीन को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस बाकी आरोपियों को भी जल्द ही काबू कर लेगी।
अनिल कुमार, पीआरओ, पुलिस पानीपत