पानीपत। मतलौडा थाना क्षेत्र में डेरे पर तीन महिलाओं के साथ सामूहिक दुराचार मामले में महिला आयोग की अध्यक्ष ने पानीपत दौरे के बाद मुख्य सचिव व हरियाणा डीजीपी को पत्र लिखा है। अध्यक्ष ने पत्र में निर्देश दिए हैं कि गांव के डेरों पर बिजली व सीसीटीवी कैमरे लगवाना सुनिश्चित करें। इसके अलावा उन्होंने प्रदेश के सभी डेरों पर रात को गश्त करने के लिए कहा है, ताकि भविष्य में इस तरह का अपराध घटित न हो सके।
बता दें कि पानीपत में तीन महिलाओं के साथ सामूहिक दुराचार के मामले में 27 सितंबर को महिला आयोग की अध्यक्ष रेणु भाटिया पानीपत पहुंची थीं और उन्होंने डेरे का निरीक्षण कर पीड़ित महिलाओं से बातचीत की थी। इसके अलावा एसपी अजीत सिंह शेखावत से वारदात की समीक्षा रिपोर्ट ली थी। एसपी ने आरोपियों को पकड़ने में आ रही समस्या से भी अवगत कराया था। पहली समस्या थी कि डेरों पर अंधेरा था और दूसरी कि वहां पर कोई सीसीटीवी कैमरे नहीं थे। पानीपत निरीक्षण के बाद उन्होंने मुख्य सचिव और डीपीजी को पत्र लिखा है।
पानीपत के मतलौडा क्षेत्र में चार बदमाशों ने परिवार को बंधक बनाकर तीन महिलाओं के साथ दुराचार की वारदात को अंजाम दिया गया, बदमाशों ने दूसरे डेरे पर भी जाकर हत्या कर दी। यह दिल दहला देने वाली घटना है, एक जघन्य अपराध है। 27 सितंबर को उन्होंने निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान संज्ञान में आया कि जिन डेरों पर वारदात हुई, वहां पर बिजली की कोई सुविधा नहीं है, जिस वजह से बदमाश वारदात को अंजाम देने में सफल रहे। हरियाणा राज्य महिला आयोग यह सिफारिश करता है कि वह हरियाणा राज्य के सभी जिला के पुलिस आयुक्त एवं पुलिस अधीक्षक को यह निर्देश जारी करे कि वह अपने-अपने जिलों में जहां भी स्थानांतरित मजदूरों के डेरे है, वहां पर बिजली की पूरी सुविधा व कैमरे लगवाए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी कोई घटना दोबारा न घट सके।
इसके अलावा महिला आयोग की अध्यक्ष ने पत्र में कहा कि जिन डेरों पर चार से पांच महिलाएं रहती है, उनके रहने की व्यवस्था गांव के अंदर करवाई जाए, ताकि वह सुरक्षित जीवन यापन कर सके। इसके अलावा जिन डेरों पर परिवार रहते है, पुलिस वहां पर भी समय-समय पर गश्त करे।
पुलिस अधीक्षक अजीत सिंह शेखावत ने बताया कि पुलिस को ठोस इनपुट मिले है। जिस दिशा में उनकी जांच आगे बढ़ रही है। जल्द इस वारदात का खुलासा कर दिया जाएगा।