माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। अंसल सिटी स्थित निजी अस्पताल में एक प्रसूता के बच्चे को किसी को बेचने के मामले में नया मोड़ आ गया है। अंसल स्थित निजी अस्पताल में डिलीवरी प्रिया की हुई थी लेकिन कागज उषा के नाम के तैयार किए गए। प्रिया के बच्चे को उषा को दे दिया गया। उषा का कहना है कि प्रिया ने उसे बच्चा दिया है। पुलिस ने दिल्ली से उस महिला को बुलाकर बच्चे को बरामद कर महिला को सौंप दिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
वधावाराम कॉलोनी निवासी प्रिया पत्नी शैलेंद्र ने बताया कि उसे मोना शर्मा नाम की मिली थी। उसने उसे कहा कि वह उसकी डिलीवरी अंसल स्थित एक निजी अस्पताल में करवा देगी। मोना शर्मा तीन अप्रैल को उसे निजी अस्पताल में ले गई। यहां उसने लड़के को जन्म दिया। डॉक्टर ने उसकी आंखों के सामने बच्चे की जांच की थी। बच्चा जन्म के बाद ही रोने लगा था। बच्चा बिल्कुल था। इसके बाद उसको होश नहीं रहा।
चार अप्रैल को उसको होश आया तो उसने डॉक्टर से अपनी डिलीवरी के कागज मांगे। डॉक्टर ने उसको कागज दे दिए। डॉक्टर ने उसे कहा कि उसके बच्चे की मौत हो गई। उसको जो कागजात दिए उसमें उसका नाम उषा पत्नी नवीन कुमार निवासी पटेल नगर, दिल्ली लिखा हुआ था। मोना शर्मा नाम की महिला ने डॉक्टर के साथ मिलकर उसके बच्चे को किसी को दे दिया है। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर लिया है।
मामले के जांच अधिकारी रमेश कुमार ने बताया कि फिलहाल महिला की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की गहनता से जांच की जा रही है। जांच में जो भी दोषी होगा उस पर कार्रवाई की जाएगी। अस्पताल की कार्यप्रणाली की जांच की जारी है। बच्चे को उसकी मां को सौंप दिया गया है।
महिला ने अपनी मर्जी से दिया बच्चा : उषा
दिल्ली के पटेल नगर निवासी उषा ने बताया कि प्रिया ने अपनी मर्जी से अपना बच्चा उसे दिया था। प्रिया ने उसे कहा था कि वह पांच बच्चों की मां है। उसका पति अब उसके साथ नहीं रहता । इसलिए वह इस बच्चे को नहीं पात सकती। उसने अपनी मर्जी से बच्चा दिया था। उसके पति के दोस्त की पत्नी मीना शर्मा ने बच्चे को दिलाया था। अब प्रिया अपनी बात से पलट रही है।
निजी अस्पताल पर यह उठे सवाल
तीन अप्रैल को प्रिया अस्पताल में दाखिल हुई लेकिन उसके कागज तैयार नहीं किए गए। अल्ट्रासाउंड प्रिया का हुआ लेकिन वह फाइल उषा पत्नी शैलेंद्र निवासी पटेल नगर, दिल्ली के नाम से बनी। प्रिया के कागज ही नहीं बनाए गए। यहा उषा को दाखिल दिखाया जा रहा था, ताकि उसे कानूनी रूप से बच्चे की मां दिखाया जा सके। अस्पताल कर्मियों ने प्रिया को बच्चा सौंपने की बजाय उषा को सौंपा। इन सब पहलुओं पर पुलिस जांच कर रही है।